चंडीगढ़ - संपदा विभाग की ओर से जल्द ही शहर की अन्य कॉलोनियों पर भी कार्रवाई की जायेगी। इसमें शहर की दूसरी सबसे बड़ी कॉलोनी नंबर-4, संजय कॉलोनी, लाल बहादुर शास्त्री कॉलोनी, अम्बेडकर कॉलोनी व अन्य 2 कॉलोनी शामिल हैं। कोर्ट केस के चलते प्रशासन ने फिलहाल धनास स्थित कच्ची कॉलोनी पर कार्रवाई टाल दी है। लेकिन संपदा विभाग सितंबर के पहले हफ्ते में कबाड़ी कॉलोनी खाली करवाने की तैयारी में है। इसके बाद अंबेडकर कॉलोनी, पलसोरा आदि कॉलोनियों को एक-एक कर खाली करवाया जायेगा।
जिला उपायुक्त डॉ. एसबी दीपक कुमार ने कहा कि उनकी कोशिश है कि जल्द से जल्द लोगों को गंदी बस्तियों से निकाल कर उन्हें अच्छे घर मुहैया करवाये जायें। इसके लिये कॉलोनी नंबर-4 में पिछलें दो दिनों से पुनर्वास योजना के अंतर्गत घर देने वालों की सूची तैयार की जा रही है।
उपायुक्त ने कहा कि वर्ष 2006 में करवाये गये बायोमैट्रिक सर्वे में जिन लोगों का नाम नहीं आया था, वह लोग उस समय का वोटर कार्ड, ड्राइविंग लाइसेंस या तब के समय का स्थानीय निवास प्रमाण पत्र दिखाकर इस सूची में अपना नाम दर्ज करवा सकते है। जानकारी के अनुसार अभी तक कुल 1100 लोग इस सूची में अपना नाम दर्ज करवा चुके है।
कुल 60 एकड़ में फैली कॉलोनी नंबर-4 की जमीन का कुछ हिस्सा वन विभाग और बाकी नगर निगम के अंतर्गत आता है। कॉलोनी में कुल ए,बी,सी,डी ब्लॉक मिलाकर कुल 9 ब्लॉक शामिल हैं। इन सभी ब्लॉकों को मिलाकर कॉलोनी में रहने वालों की कुल संख्या 4 हजार के करीब है। तहसीलदार अमरिंद्र सिंह ने बताया इन सभी कॉलोनी वालों को मलोया में पुनर्वास योजना के अंतर्गत बनाये जा रहे फ्लैट्स में बसाया जायेगा। इसके बाद ही कॉलोनी को खाली करवाया जायेगा।