पीएचडी हाउस में हुआ जागरूकता शिविर का आयोजन
चंडीगढ़। पीएचडी चैंबर ऑफ कामर्स एंड इंडस्ट्री के पंजाब स्टेट चैप्टर द्वारा पेंशन फंड रेगुलेटरी एंड डेवलपमेंट अथॉरिटी (पीएफआरडी) के सहयोग से पीएचडी हाउस में नेशनल पेंशन सिस्टम-एमएसएमई कार्यबल के लिए एक सुरक्षित भविष्य का निर्माण विषय पर एक जागरूकता सत्र आयोजित किया।
सत्र का उद्देश्य स्थानीय उद्योग जगत के नेताओं, व्यापार प्रतिनिधियों और सूक्ष्म, लघु और मध्यम उद्यमों के बीच रिटायरमेंट प्लानिंग, वित्तीय सुरक्षा और एनपीएस अपनाने से नियोक्ताओं तथा कर्मचारियों को मिलने वाले दीर्घकालिक लाभों के बारे में जागरूकता बढ़ाना था।
पीएचडीसीसीआई चंडीगढ़ चेप्टर के अध्यक्ष रजनीश बंसल ने क्षेत्रीय आर्थिक विकास को गति देने में छोटे व्यवसायों और व्यापार इकाइयों की महत्वपूर्ण भूमिका पर जोर दिया। पीएफआरडीए के उप महाप्रबंधक सुधीर सिंह ने पेंशन और सामाजिक सुरक्षा कवरेज का एमएसएमई तथा असंगठित क्षेत्रों में विस्तार करने के बारे में बताया।
उन्होंने व्यवस्थित रिटायरमेंट प्लानिंग के बारे में जागरूकता बढ़ाने और एनपीएस को व्यापक रूप से अपनाने के लिए प्रोत्साहित करने के महत्व पर प्रकाश डाला। एचडीएफसी पेंशन फंड के वरिष्ठ प्रबंधक ऐश्वर्य मुद्गल ने एमएसएमई के लिए एनपीएस पर एक विस्तृत प्रस्तुति दी। इसमें उन्होंने एनपीएस के लाभ, नामांकन प्रक्रिया, योगदान संरचना, पोर्टेबिलिटी, ऑनलाइन नामांकन के तरीके, नियोक्ता-कर्मचारी योगदान के फायदे और आयकर अधिनियम के मौजूदा प्रावधानों के तहत मिलने वाले टैक्स लाभों के बारे में विस्तार से जानकारी दी। पीएचडीसीसीआई की पंजाब बैंकिंग और वित्तीय सेवा समिति के सह-संयोजक शिव शंकर कुमार ने आभार व्यक्त करते हुए कहा कि एनपीएस एक किफायती, सुरक्षित और अत्यंत प्रभावी सामाजिक सुरक्षा साधन है, जो एमएसएमई के लिए कार्यबल की स्थिरता को काफी मजबूत कर सकता है।