चंडीगढ़ - सेक्टर 8 में कोटक सिक्योरिटी के ऑफिस की दूसरी मंजिल पर आग लगने से 13 कैबिन जल कर राख हो गये। इनमें जो भी सामान रखा था आग की चपेट में आने से जल गया। फॉयर कर्मियों को आग पर काबू पाने में एक घंटे का वक्त लगा, जिसमें 3 वॉटर बूजर, एक एचपीटीटीएल और 5 वॉटर टैंडरों की मदद से आग बुझाई गई। मनीमाजरा फॉयर ऑफिस से मिली जानकारी के मुताबिक सुबह 11.38 बजे सेक्टर 8 के एससीओ 14-15 की दूसरी मंजिल पर कोटक सिक्योरिटी के ऑफिस में आग लगने की सूचना मिली थी।
इससे पूर्व सेक्टर 17 के फॉयर कंट्रोल रूम पर सूचना मिलने पर मनीमाजरा, सेक्टर 11, सेक्टर 32 से एक एक वॉटर बूजर मौके पर भेजे गये। ऑफिस में आग लगने की सूचना पाकर शोरूम के मालिक पंकज सिंह तथा कोटक सिक्योरिटी के मैनेजर कपिल टंडन भी मौके पर पहुंचे, जिन्होंने कर्मियों को सामान के बारे में जानकारियां दी। कर्मियों ने दूसरी मंजिल पर मेन डोर के अलावा सामने की खिड़कियों को तोड़ कर पानी की बौछारों से आग पर काबू पाया। कर्मियों ने इसी माले पर अन्य स्टोर रूम में रखा सामान सुरक्षित बचा लिया। हालांकि इस दौरान पूरी बिल्डिंग में धुंआ फैलने से कर्मियों को काफी दिक्कत हुई।
कर्मियों ने क्षतिग्रस्त सामान का अनुमान लगाना शुरू कर दिया। तो वहीं पीजीआई के न्यू डॉक्टर्स हॉस्टल के ग्राउंड फ्लोर पर डेयरी प्रोडेक्ट की दुकान में रविवार रात 8:30 बजे एक एलपीजी सिलेंडर में अचानक आग लग गयी। आग लगने से हालांकि अधिक नुकसान नहीं हुआ। पीजीआई सुरक्षा कर्मियों ने दमकल कर्मियों की मदद से आग पर जल्द ही काबू पा लिया। दमकल कार्यालय के कंट्रोल रूम पर रात 8:57 मिनट पर हॉस्टल की दुकान में पड़े सिलेंडर में आग लगने की सूचना आई। वॉल लीक होने के कारण सिलेंडर से गैस रिसने लगी तभी उसमें आग लग गयी।
जिस वक्त यह हादसा हुआ तब दुकान मेंडॉक्टर और खाना बनाने वाले कर्मचारी मौजूद थे। हॉस्टल कर्मियों ने खिड़कियों से धुंआ निकलते देखकर दमकल कार्यालय को सूचित किया। सेक्टर-11 और सेक्टर-17 से दो फॉयर टैंडर मौके पर पहुंचे जिनकी मदद से कर्मियों ने कमरे में फैले धुंए को साफ करते हुए आग पर काबू पाया। आग लगने के कारण हॉस्टल में चारों तरफ धुंआ फैल चुका था। डॉक्टरों के कमरे में भी जल्द खाली करवा लिये गये थे।