इंदौर – मध्यप्रदेश के मुख्यमंत्री शिवराज सिंह चौहान ने इंदौर में मूक-बधिर बच्चों के लिये महत्वपूर्ण घोषणाएँ कीं। उन्होंने कहा कि प्रदेश में सांकेतिक भाषा को भाषा का दर्जा देने के साथ ही इसके 10 आईटीआई संभागीय मुख्यालय पर खोले जायेंगे। यह कार्य एक साल में पूरा किया जायेगा। उन्होंने कहा कि मध्यप्रदेश देश का पहला राज्य होगा, जहाँ सांकेतिक भाषा का आईटीआई स्थापित होगा।
प्रदेश के सभी उत्कृष्ट विद्यालय में सांकेतिक भाषा पढ़ाने वाले दो-दो शिक्षक नियुक्त किये जायेंगे। चौहान इंदौर में मूक-बधिर बच्चों के कार्यक्रम को संबोधित कर रहे थे। मुख्यमंत्री चौहान ने नि:शक्त बच्चों और उनके लिये कार्य कर रहे संगठनों से अपने इंदौर प्रवास के दौरान 19 नवम्बर को वायदा किया था कि वे इस वर्ग के कल्याण के लिये ठोस कदम उठायेंगे। उन्होंने अपना वायदा आज निभाया। कार्यक्रम में बच्चों से संवाद कर उनकी समस्याएँ पूछी। उन्होंने कहा कि सांकेतिक भाषा में डी.एड. एवं बी.एड. करवाया जायेगा। इसका पूरा खर्च राज्य शासन वहन करेगा।