नई दिल्ली - उच्चतम न्यायालय ने टूजी स्पेक्ट्रम आवंटन घोटाला मामले में द्रविड़ मुनेत्र कषगम (द्रमुक) नेता एम. कनिमोझी को करारा झटका देते हुए आरोप निरस्त करने संबंधी उनकी याचिक मंगलवार को खारिज कर दी। मुख्य न्यायाधीश एच एल दत्तू की अध्यक्षता वाली खंडपीठ ने यह कहते हुए याचिका खारिज कर दी कि टूजी घोटाला मामले की सुनवाई अब पूरी होने वाली है और इस स्थिति में मामले में हस्तक्षेप करना उचित नहीं होगा।
न्यायालय ने इस मामले के एक अन्य आरोपी स्वान टेलीकॉम के प्रोमोटर शाहिद उस्मान बलवा की भी याचिका खारिज कर दी। हालांकि अदालत ने अपने 2011 के उस आदेश में संशोधन कर दिया जिसमें उसने इस मामले के किसी भी आरोपी की याचिका की सुनवाई से सभी अदालतों को रोक दिया था।