जम्मू - उधमपुर में कश्मीर के ट्रक पर हुए पेट्रोल बम हमले में घायल क्लीनर जाहिद अहमद की रविवार को दिल्ली के सफदरजंग अस्पताल में मौत हो गई। इसकी खबर मिलते ही कश्मीर घाटी में हिंसा भडक़ उठी। उग्र भीड़ ने सुरक्षा बलों पर पथराव किया। प्रदर्शनकारियों को नियंत्रित करने के लिए सुरक्षा बलों ने आंसू गैस के गोले दागे। इस दौरान श्रीनगर-जम्मू नेशनल हाईवे कई घंटे बंद रहा। देर शाम जाहिद का शव राज्य सरकार के विमान से दिल्ली से श्रीनगर पहुंचा।
इस बीच, उधमपुर के जिला प्रशासन ने मामले के पांच आरोपियों पर पीएसए लगा दिया है। एहतियात के तौर पर उधमपुर और जम्मू के वाहनों के कश्मीर जाने पर रोक लगा दी गई है। बीफ मुद्दे के बाद राज्य में पनपे तनाव के बीच नौ अक्तूबर को आधी रात के बाद लखनपुर से अनंतनाग जा रहे ट्रक पर पेट्रोल बम से हमला किया गया था। इसमें ट्रक का सहचालक और क्लीनर बुरी तरह झुलस गए थे। हालत गंभीर होने पर दोनों को एयरलिफ्ट कर जम्मू से दिल्ली के सफदरजंग अस्पताल पहुंचाया गया। 70 फीसदी झुलसे जाहिद ने रविवार को दम तोड़ दिया। इसके तत्काल बाद उधमपुर जिला प्रशासन ने पांच आरोपियों के खिलाफ पीएसए लगाकर उन्हें जेल भेज दिया।
पुलिस महानिदेशक के राजेंद्रा कुमार ने बताया कि हमले में शामिल पांचों आरोपी आपराधिक पृष्ठभूमि के हैं और इनके खिलाफ कई एफआईआर दर्ज हैं। इस मामले में कुल नौ आरोपियों पर हत्या का मुकदमा दर्ज किया गया है। उधर, जाहिद की मौत की खबर पहुंचते ही कश्मीर घाटी में तनाव व्याप्त हो गया। अनंतनाग जिले में जाहिद के गांव बटिंगू के लोग नेशनल हाईवे पर आ गए। उन्होंने रास्ता जाम कर सुरक्षा बलों पर पथराव शुरू कर दिया। स्थिति बिगड़ते देख सुरक्षा बलों ने आंसू गैस के गोले दागे। श्रीनगर के मायसूमा तथा गौकदल इलाके में भी पथराव की घटनाएं हुईं। अलगाववादियों ने घटना के विरोध में सोमवार को श्रीनगर बंद का आह्वान किया है।