लखनऊ - बहुजन समाज पार्टी (बसपा) से निष्कासित पूर्व मंत्री बाबू सिंह कुशवाहा पर प्रवर्तन निदेशालय (ईडी) ने शिकंजा कसते हुए बुधवार को उनकी दो सौ करोड़ रूपए की अचल संपत्ति जब्त कर ली। बाबू सिंह कुशवाहा करोड़ों रूपए के राष्ट्रीय ग्रामीण स्वास्थ्य मिशन (एनआरएचएम) के घोटाले के आरोप में जेल में बंद हैं। प्रवर्तन निदेशालय बाबू सिंह कुशवाहा के खिलाफ हवाला मामले की भी जांच कर रहा है। निदेशालय ने पिछले साल पूर्व मंत्री बाबू सिंह कुशवाहा की लखनऊ के गोमतीनगर में चार करोड़ 25 लाख रूपए की संपत्ति जब्त की थी। प्रवर्तन निदेशालय के सूत्रों ने कहा कि कुशवाहा ने अपने साझेदार के नाम कई संपत्ति खरीदी।
कुशवाहा का लखनऊ के सबसे महंगे इलाके हजरतगंज के कसमांडा हाऊस में एक फ्लैट है जिसे उन्होंनें सौरभ जैन के नाम से खरीदा था। इसके अलावा, इसी बिल्डिंग में उनके दो फ्लैट और हैं जो अलग अलग नाम से हैं। दिल्ली के करोल बाग में उनका तीन मंजिल का शॉपिंग कॉम्पलेक्स भी है। निदेशालय ने उनकी कुछ कीमती कारें भी जब्त की हैं। निदेशालय के अनुसार, जब्त की गई कुल संपत्ति की कीमत दो सौ करोड़ रूपए आंकी गई है। इससे पूर्व, प्रवर्तन निदेशालय ने कुशवाहा और 14 अन्य लोगों के खिलाफ मामला दर्ज किया था। केन्द्रीय जांच ब्यूरों ने भी एनआरएचएम घोटाले में 15 अलग अलग मामले दर्ज किए हैं।