नई दिल्ली - गुजरात में आरक्षण की लौ जगाने के बाद रविवार को दिल्ली पहुंचे हार्दिक पटेल जोशीले अंदाज में नजर आए। उन्होंने मीडिया से खुलकर बात की और लगभग हर सवाल का अपने अंदाज में बेबाकी से जवाब दिया। हार्दिक ने इस मौके पर कहा कि गुजरात में नरेंद्र मोदी ने डेढ़ दशक तक राज किया, उन्हें मालूम होगा कि किस समाज को किस चीज की जरूरत है। हार्दिक बोले कि अगर मोदी गुजरात के सीएम होते तो पटेल समाज को अब तक आरक्षण मिल गया होता।
हार्दिक ने कहा कि वह इस आंदोलन को देशभर में ले जाएंगे। पटेल ने अपने समुदाय को भरोसे में लेते हुए कहा कि जहां भी मेरी जरूरत होगी, मैं वहां जाऊंगा। उन्होंने कहा कि हम जंतर-मंतर के अलावा लखनऊ तक प्रदर्शन करने के बारे में योजना बना रहे हैं। हार्दिक ने गुजरात प्रदर्शन को मैराथन बताया। उन्होंने कहा कि हमारी लड़ाई पटेल को ओबीसी में शामिल करने को लेकर है। मीडिया के एक सवाल पर हार्दिक ने कहा कि आम तौर पर कांग्रेस के लोग मुझे बीजेपी का कहते हैं व अन्य लोग किसी न किसी पार्टी से जुड़ा हुआ बताते हैं। पटेल ने कहा कि कांग्रेस, बीजेपी, आप की रैली की भीड़ और हमारी रैली में जुटने वाली भीड़ की संख्या में बेहद अंतर है, इससे यह कहने का कोई मतलब नहीं कि मेरे पीछे किसी पार्टी का हाथ है।
पटेल ने कहा है कि उन्हें इस आंदोलन में जाट और गुज्जरों का साथ चाहिए। वह दिल्ली में किसी नेता या फिर मंत्री से मिलने नहीं आए हैं और न ही उनके मंच पर किसी भी राजनीतिक पार्टी का स्वागत है। हार्दिक ने यहां संवाददाता सम्मेलन में कहा कि वह फिलहाल गुजरात में पटेल समुदाय के लोगों के लिए आरक्षण की मांग कर रहे हैं, लेकिन इस समुदाय के लोग 12 राज्यों में फैले हैं और इस समुदाय के लोगों को उनका हक दिलाने के लिए वह पूरे देश में घूमेंगे और उन्हें एकजुट करेंगे।