गुरदासपुर - पंजाब के गुरदासपुर में आतंकी हमले के बाद अब प्रतिबंधित संगठन खालिस्तान लिबरेशन फोर्स ने शिवसेना के नेताओं को जान से मारने की धमकी दी है। इस आतंकी संगठन ने एक पत्र के जरिए शिवसेना नेताओं को पंजाब छोड़ने की धमकी दी। संगठन की ओर से भेजे गए पत्र में शिवसेना नेता संजीव गांगुली, राजीव टंडन, राकेश अरोरा, अमित अरोरा, राबुल साधु, सचिन गांगुली और राजेश पाल्टा का नाम शामिल है। पंजाब शिवसेना के प्रमुख संजीव गांगुली ने कहा कि आतंकियों ने धमकी दी है कि यह उनका आखिरी पत्र है। उन्होंने बताया कि पत्र 15 मई की तारीख पड़ी है लेकिन यह बुधवार को उन्हें मिला है।
सिखों का अपमान कर रही है शिवसेना गांगुली ने बताया कि पत्र में किसी गुरमुख सिंह नाम के शख्स के दस्तखत हैं और उसने अपना हेड ऑफिस अमृतसर में होने का जिक्र किया है। पत्र में आतंकियों ने कहा कि भुल्लर, बलवंत सिंह राजोआना और जगतार सिंह राजोआना को आतंकी कहकर शिवसेना सिखों का अपमान कर रही है। उनके लिए फांसी की मांग करने वालों को पंजाब छोड़ देना चाहिए। पत्र में जिक्र किया गया है कि गुरदासपुर में शिवसेना नेता हरविंदर सिंह सोनी पर हुए हमले के लिए खालिस्तान लिबरेशन फोर्स जिम्मेदार नहीं है लेकिन वह उस शख्स को सैल्यूट करते हैं जिन्होंने सोनी पर हमला किया। इस मामले में शिवसेना नेताओं ने पुलिस से शिकायत की है। फिलहाल पत्र की जांच की जा रही है।