नई दिल्ली – पूर्व आईपीएल कमिश्नर ललित मोदी पर केंद्रित विवाद में अब राजस्थान की सीएम वसुंधरा राजे भी घिर सकती हैं। ललित मोदी की पब्लिक रिलेशन टीम द्वारा जारी किए गए दस्तावेज बताते हैं कि ब्रिटेन में 2011 में ललित मोदी के यात्रा दस्तावेज के लिए किए गए आवेदन का वसुंधरा राजे ने भी समर्थन किया था। सख्त गोपनीयता की शर्त पर ही राजे ने ऐसा किया। दस्तावेज कहते हैं कि मैं यह स्टेटमेंट ललित मोदी के किसी भी इमिग्रेशन आवेदन के समर्थन में दे रही हूं, लेकिन यह इसकी कठोर शर्त यह है कि मेरी भारतीय अथॉरिटी से साझा नहीं की जाएगी।
वसुंधरा राजे के ललित मोदी के साथ अच्छे संबंध रहे हैं। ललित मोदी राजस्थान क्रिकेट एसोसिएशन के सदस्य रह चुके हैं। सुषमा पर लगाए गए आरोप बेबुनियाद हैं। पार्टी और सरकार उनके साथ खड़ी है। उधर पूर्व आईपीएल कमिश्नर ललित मोदी की मदद के मामले में विदेश मंत्री सुषमा स्वराज और एनडीए सरकार पर दबाव बनाते हुए राज्यसभा में कांग्रेस के उपनेता आनंद शर्मा ने सरकार से मंगलवार को सवाल पूछा कि देश के भगोड़े ललित मोदी की मदद क्यों की गई? इसकी जांच सुप्रीम कोर्ट की निगरानी में एसआईटी द्वारा होनी चाहिए। कांग्रेस नेता ने ललित मोदी को पुर्तगाल जाने में मानवीय आधार पर मदद के दावे को खारिज करते हुए कहा कि उनकी पत्नी की वहां सर्जरी हुई ही नहीं थी।
अपनी सफाई में सुषमा स्वराज ने कहा था कि ललित मोदी ने उनसे बात की थी और कहा था कि कैंसर से जूझ रही उनकी पत्नी का पुर्तगाल में आपरेशन होना है, इसलिए उन्हें वहां कन्सेंट फार्म पर हस्ताक्षर के लिए जाना है। सुषमा ने कहा था कि उसी आधार पर उन्होंने ब्रिटिश सांसद कीथ वाज से ट्रैवल डाक्यूमेंट्स दिलाने की अपील की थी। आनंद शर्मा ने कहा कि जिस शख्स को सजा मिलनी चाहिए थी, उसे फायदा पहुंचाया गया। कांग्रेस ने इस मामले में वित्त मंत्री अरुण जेटली और गृह मंत्री राजनाथ सिंह पर भी निशाना साधा और कहा कि इस पूरे मामले की गहराई से जांच होनी चाहिए। आनंद शर्मा ने कहा कि एक भगोड़े के लिए दूसरे देश से गुहार लगाई, इसकी वजह की स्वतंत्र जांच जरूरी है। उन्होंने कहा कि भाजपा के कई नेताओं की ललित मोदी से गहरी दोस्ती है।
इसलिए सरकार जांच नहीं कर रही है। हमारी गुहार है कि सुप्रीम कोर्ट इस मामले की जांच करे। आनंद शर्मा ने यह भी कहा कि ललित मोदी ने खुद को लंदन की अदालत में दिवालिया घोषित कर रखा है, लेकिन वह प्राइवेट जेट से दुनिया घूम रहे हैं। कांग्रेस नेता ने दावा किया कि पिछले दिनों भी वह हवाना और वेनिस में थे और आजकल वह मांटेनेग्रो में हैं। इससे पहले कांग्रेस के वरिष्ठ नेता दिग्विजय सिंह ने इस मुद्दे पर प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी और वित्त मंत्री अरुण जेटली की चुप्पी पर सवाल खड़ा किया। उन्होंने कीर्ति आजाद द्वारा अपने एक ट्वीट में आस्तीन का सांप वाली टिप्पणी के संदर्भ का भी खुलासा करने की मांग की, जो सुषमा स्वराज द्वारा आईपीएल के पूर्व प्रमुख ललित मोदी की मदद को लेकर उठे विवाद के बीच की गई है ।
कांग्रेस नेता ने दावा किया कि सरकार ललित मोदी को पहुंचाई गई मदद को यह कह कर उचित ठहरा रही है कि यह मानवीयता के आधार पर दी गई है, लेकिन साथ ही कहा कि यह पूरी तरह से शासन से जुड़ा मुद्दा है जिसमें मंत्री जनता के प्रति जिम्मेदार होता है। दिग्विजय सिंह ने कहा कि मैं और वित्त मंत्री से पूछना चाहता हूं कि वे चुप्पी क्यों साधे हुए हैं। हम यह जानना चाहते हैं कि क्या ललित मोदी टैक्स से बच रहे हैं। वह भारत क्यों नहीं आ रहे? उनके खिलाफ क्या कोई ब्ल्यू या रेड कॉर्नर नोटिस है? क्या वह फरार हैं? क्या वह भगोड़ा हैं? कांग्रेस नेता ने कहा कि उनका सुषमा के प्रति गहरा सम्मान है, लेकिन जब मामला राष्ट्र का आता है तो एक मंत्री जो निर्णय करता है, उसके लिए वह जनता के प्रति उत्तरदायी होता है।