नई दिल्ली - मैं तेरा रखवाला, जी हां प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी ने आगरा की 12 साल की बच्ची तैयबा को यही भरोसा दिलाया है। आठवीं क्लास में पढऩे वाली तैयबा गंभीर बीमारी से जूझ रही है। इस नन्ही सी बच्ची के दिल में छेद है। इस बीमारी का इलाज बेहद खर्चीला है और तैयबा के मजदूर पिता इसका बोझ नहीं उठा पा रहे हैं।
ऐसे में तैयबा ने प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी को चिट्ठी लिखकर उनसे मदद मांगी। प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी ने भी इस मासूम को निराश नहीं किया। पीएमओ ने तैयबा की चिट्ठी का जवाब देते हुए उसे भरोसा दिलाया है कि उसकी बीमारी पर होने वाला खर्च सरकार उठाएगी। ताज नगरी आगरा में रहने वाली तैयबा से अपने मां बाप की दिक्कत देखी न गई। एक दिन स्कूल से लौटकर उसने अपनी स्कूल की कॉपी निकाली। कुछ सोचती रही और फिर लिखने बैठ गई एक चिट्ठी देश के प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी के नाम।
आदरणीय प्रधानमंत्री जी आदाब,
मेरा नाम तैयबा, उम्र 12 वर्ष है। मैं जन्म से दिल की बीमारी से पीडि़त हूं। मेरे पिता जी खालिद रोज की मजदूरी करके हम भाई-बहनों को पाल रहे हैं। मेरे दिल के ऑपरेशन के लिए मुझे दिल्ली के सरकारी अस्पताल जी.बी. पंत हॉस्पिटल में ऑपरेशन की सलाह दी गई है। हालांकि अभी वहां मेरी सारी जांचें मुफ्त हो रही हैं और मेरी देखभाल अच्छी तरह हो रही है। मैं कक्षा 8 की छात्रा हूं और अभी जी कर देश निर्माण के आपके सपने को साकार करना चाहती हूं। मेरा आपसे अनुरोध है कि मेरा आगे भी निशुल्क इलाज करवाने की व्यवस्था करवा दी जाए। आशा है आप मेरी ये प्रार्थना स्वीकार करेंगे। मेरा ओपीडी कार्ड नंबर 1999056 है।
आपके सहयोग की आकांक्षा
तैयबा