नई दिल्ली - करीब छह महीने की कवायद के बाद बुधवार को जनता दल परिवार के छह दलों के विलय की औपचारिक घोषणा कर दी गई और समाजवादी पार्टी के प्रमुख मुलायम सिंह यादव को नवगठित पार्टी का अध्यक्ष बनाया गया। मुलायम सिंह यादव के निवास पर हुई बैठक में जनता परिवार के छह दलों ने आपस में मिलकर नया दल गठित किया, लेकिन इसका अभी नामकरण नहीं किया गया है और न ही इसके चुनाव चिन्ह और झंडे के बारे में कोई फैसला किया गया है।
मुलायम सिंह यादव नवगठित पार्टी के अध्यक्ष होने के साथ-साथ संसदीय बोर्ड के भी अध्यक्ष होंगे। बैठक के बाद जदयू के अध्यक्ष शरद यादव ने बताया कि पार्टी के नाम, चुनाव चिन्ह और झंडे के बारे में फैसला करने के लिए एक समिति गठित की गई है, जिसमें मुलायम सिंह यादव के अलावा जनता दल एस के अध्यक्ष और पूर्व प्रधानमंत्री एचडी देवेगौड़ा, राष्ट्रीय जनता दल के अध्यक्ष लालू प्रसाद यादव, शरद यादव, इंडियन नेशनल लोकदल के नेता ओम प्रकाश चौटाला और समाजवादी जनता पार्टी के अध्यक्ष कमल मोरारका शामिल होंगे। बिहार विधानसभा के इस साल के आखिर में होने वाले चुनाव को देखते हुए इन दलों के विलय को महत्त्वपूर्ण माना जा रहा है।
बैठक में यादव के अलावा उनकी पार्टी के महासचिव रामगोपाल यादव, राजद प्रमुख लालू प्रसाद यादव, जदयू के राष्ट्रीय अध्यक्ष शरद यादव, बिहार के मुख्यमंत्री नीतीश कुमार तथा पार्टी महासचिव केसी त्यागी, जद एस के अध्यक्ष एवं पूर्व प्रधानमंत्री एचडी देवेगौड़ा, समाजवादी जनता पार्टी के प्रमुख कमल मोरारका और इंडियन नेशनल लोकदल के अभय चौटाला ने हिस्सा लिया। भारतीय जनता पार्टी के सत्ता में आने के बाद से ये दल प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी की नीतियों का विरोध कर रहे थे और नई राजनीतिक चुनौतियों को देखते हुए पिछले छह महीने से आपसी विलय की कवायद में लगे थे।