जम्मू - शनिवार को जम्मू-कश्मीर में राज्यसभा की 4 सीटों के लिये हुए चुनाव में राज्यसभा में विपक्ष के नेता एवं कांग्रेस प्रत्याशी गुलाम नबी आजाद फिर चुन लिये गये। आजाद का निर्वाचन कांग्रेस और नेशनल कांफ्रेंस की प्रतिष्ठा से जुड़ गया था क्योंकि भाजपा और पीडीपी ने राज्यसभा सीटों के लिये गठबंधन कर लिया था। कांग्रेस और नेशनल कांफ्रेंस के संयुक्त प्रत्याशी आजाद को 3 निर्दलीय विधायकों का समर्थन मिला तभी वह जीत पाये। शनिवार को हुए राज्यसभा चुनाव में पीडीपी को दो सीटें मिली है। वहीं, राज्य में भाजपा को एक सीट मिली है।
पीडीपी के फय्याज अहमद मीर और नजीर अहमद लावे जबकि भाजपा के शमशेर सिंह मनहास इस चुनाव में विजेता घोषित किए गए। 87 सदस्यीय विधानसभा में पीडीपी के 28 विधायक हैं और सबसे बड़ी पार्टी है जबकि भाजपा के पास 25 सीटें हैं। नेकां और कांग्रेस के क्रमश: 15 और 12 विधायक हैं।
जब सईद से पूछा गया कि क्या सरकार बनाने और भाजपा के साथ व्यवस्थित वार्ता शुरू करने की कोई समय सीमा है तो उन्होंने कहा कि हम जल्दबाजी में नहीं हैं। न्यूनतम साझा कार्यक्रम बनने के बाद ही सरकार बनेगी। पीडीपी 28 सीटों के साथ विधानसभा में सबसे बड़ी पार्टी है जबकि भाजपा 25 सीटों के साथ दूसरे स्थान पर है। विधानसभा फिलहाल निलंबित है और राज्य में राज्यपाल शासन है।