देहरादून - उत्तराखंड विधानसभा में आज मुख्य विपक्षी दल भाजपा ने हल्द्वानी क्षेत्र से पिछले 5 दिनों से लापता 7 वर्षीय बालिका की जघन्य हत्या के मुद्दे पर तुरंत चर्चा कराने की मांग को लेकर हंगामा किया जिसके चलते अध्यक्ष गोविंद सिंह कुंजवाल को सदन की कार्यवाही 3 बार स्थगित करनी पड़ी ।
सदन में शून्यकाल के शुरू होते ही विपक्ष के नेता अजय भट्ट ने इस घटना को अत्यंत दुखद बताते हुए इस पर नियम 310 के तहत सभी कार्यां को स्थगित करते हुए तुरंत चर्चा कराने की मांग की। भट्ट की इस मांग का अन्य भाजपा सदस्यों ने भी जोरदार समर्थन किया। बहरहाल, अध्यक्ष कुंजवाल ने भाजपा सदस्यों को बताया कि वह इस मुद्दे को नियम 58 के अन्तर्गत ध्यानाकर्षण प्रस्ताव की इजाजत देने को तैयार हैं। इस पर भाजपा विधायक उत्तेजित होकर अपने स्थानों पर खड़े हो गये और इस मुद्दे को नियम 310 में उठाये जाने की अनुमति देने की मांग करने लगे।
भट्ट ने कहा कि कल घटना के पता चलते ही इस मुद्दे को उठाना चाहते थे, लेकिन सरकार द्वारा मुद्दे को नियम 310 में उठाये जाने पर सहमति दिये जाने के बाद वह इस मुद्दे को आज रख रहे हैं। इस पर संसदीय कार्य मंत्री इंदिरा ह्रदयेश ने कहा कि मुद्दे को उठाये जाने के मामले में सरकार की तरफ से सहमति जरूर दी गयी थी लेकिन इसमें नियम का कोई जिक्र नहीं था। इस पर उत्तेजित होकर भाजपा सदस्य अध्यक्ष के आसन के सामने खड़े हो गये और सरकार पर वादा खिलाफी का आरोप लगाने लगे।
इससे सदन में शोरगुल की स्थिति पैदा हो गयी। जब देर तक यही स्थिति बनी रही तो अध्यक्ष कुंजवाल ने सदन का स्थगन एक बजे तक के लिये कर दिया। बाद में उन्होंने स्थगनादेश को 1.30 बजे तक के लिये बढ़ा दिया। जैसे ही अध्यक्ष ने डेढ़ बजे कार्यवाही दोबारा शुरू की, भाजपा सदस्यों ने अपनी मांग को लेकर फिर हंगामा शुरू कर दिया। इसके बाद सदन की कार्यवाही 3 बजे तक के लिये स्थगित कर दी गयी।