नई दिल्ली - लोग अब लोक भविष्य निधि (पीपीएफ) में सालाना 1.5 लाख रुपये तक निवेश कर सकते हैं. सरकार ने इस लोकप्रिय बचत योजना में बदलावों को अधिसूचित कर दिया है। वित्त मंत्री अरुण जेटली की बजट घोषणा के अनुरूप सरकार ने अधिसूचना जारी कर पीपीएफ में सालाना निवेश सीमा एक लाख रुपये से बढ़ाकर डेढ़ लाख रुपये कर दी है। पीपीएफ 15 साल की निवेश योजना है जिसमें निवेशक को कर छूट मिलती है।
वित्त वर्ष 2014-15 के लिए पीपीएफ पर ब्याज दर 8.7 प्रतिशत है। जेटली ने आयकर कानून की धारा 80 सी के तहत कर छूट की कुल सीमा को एक लाख रुपये से बढ़ाकर डेढ़ लाख रुपये कर दिया। इसी के अनुरूप पीपीएफ में भी निवेश सीमा बढ़ाई गई है। वित्त मंत्री ने परिवारों की बचत को प्रोत्साहन देने के लिए कर बचत योजनाओं में निवेश की सीमा बढ़ाई है। अन्य बातों के अलावा सरकार ने किसान विकास पत्र भी फिर से शुरू करने का प्रस्ताव किया है। उन्होंने मकान के लिये कर्ज पर दिये जाने वाले सालाना ब्याज की कर छूट सीमा को भी डेढ लाख से बढ़ाकर 2 लाख रुपये कर दिया।