केन्द्रीय पेट्रोलियम एवं प्राकृतिक गैस मंत्री डा. एम वीरप्पा मोइली ने आज से देश भर के 480 जिलों की सभी तेल विपणन कंपनियों/वितरकों में एलपीजी पोर्टेबिलिटी योजना की शुरुआत का अनुमोदन किया है। देश के सभी संभावित एलपीजी बाजारों को इन जिलों के अंतर्गत लाने का प्रयास किया गया है, जिनमें विभिन्न रेटिंग वाले कई एलपीजी वितरक सक्रिय हैं।
इसके साथ ही इन बाजारों के एलपीजी उपभोक्ता एलपीजी कनेक्शन पोर्टेबिलिटी योजना के तहत अपने आसपास के इलाके के एलपीजी वितरकों में से अपनी पसंद का वितरक चुन सकते हैं। इस कदम से अपने मौजूदा वितरक से नाखुश अथवा अपने घर के आसपास के इलाके के वितरक से कनेक्शन लेने के इच्छुक उपभोक्ताओं को काफी राहत मिलेगी।
तेल विपणन कंपनियों ने अक्टूबर 2013 में 13 राज्यों के 24 जिलों में प्रायोगिक तौर पर इस योजना की शुरुआत की थी। आज इस योजना को देश भर के 480 जिलों में एक साथ शुरू किया जा रहा है। देश भर के 8.2 करोड से अधिक एलपीजी उपभोक्ताओं को इस योजना का लाभ मिलेगा।
तेल विपणन कंपनियों ने एलपीजी उपभोक्ताओं को इस योजना का लाभ पहुंचाने के लिये 480 जिलों में 140 से अधिक समूह (क्लस्टर) बनाये हैं। इनमें से प्रत्येक क्लस्टर में औसतन चार वितरक शामिल किये गये हैं। इन क्लस्टर के संबंध में विस्तृत ब्यौरा तेल कंपनियों की वेबसाइट पर उपलब्ध है। यह भी सुनिश्चित किया गया है कि पोर्टेबिलिटी योजना के तहत उन सभी संभावित बाजारों को शामिल किया जाये जहां विभिन्न कंपनियों के वितरक मौजूद हैं और क्लस्टर के निर्माण की संभावना है।
पोर्टेबिलिटी का विकल्प चुनने की प्रक्रिया काफी सरल है। एलपीजी उपभोक्ता पोर्टेबिलिटी के लिये इस प्रकार पंजीकरण करा सकते हैं -
तेल विपणन कंपनियों की वेबसाइट पर जायें
आईओसीएल के लिए www.indane.co.in
एचपीसीएल के लिए www.hpgas.com
और बीपीसीएल के लिए www.ebharatgas.com
अगर वेबसाइट पर आपका पंजीकरण नहीं है तो साइट पर जाकर पंजीकरण करें।
· क्लस्टर में वितरकों की सूची और रसोई गैस की आपूर्ति में उनके प्रदर्शन के आधार पर दी गई स्टार रेटिंग को देखें।
· क्लस्टर में से अपनी पसंद के वितरक का चयन करें और अनुरोध भेजें।उपभोक्ता को पंजीकरण की पुष्टि के लिये एक ईमेल प्राप्त होगा जिसमें आगे की प्रक्रिया के बारे में बताया जायेगा।
· एक ही कंपनी में कनेक्शन पोर्टेबिलिटी के अनुरोध पर उपभोक्ता को केवल ईमेल की प्रति लेकर नये वितरक के पास जाना होगा और उनका पंजीकरण कर लिया जाएगा।
· एक कंपनी से दूसरी कंपनी में कनेक्शन पोर्टेबिलिटी के अनुरोध पर उपभोक्ता को वर्तमान वितरक के पास जाकर सिलिंडर और प्रेशर रेगुलेटर जमा कराना होगा तथा स्थानांतरण दस्तावेज /राशि प्राप्त करके अपनी पसंद के वितरक के पास समान राशि जमा कराके दोबारा कनेक्शन का अनुरोध करना होगा। दोनों कंपनियों के एलपीजी उपकरणों में असमानता के कारण ऐसा करना आवश्यक है।
· पोर्टेबिलिटी योजना के तहत कनेक्शन के स्थानांतरण के लिये कोई स्थानांतरण शुल्क अथवा अतिरिक्त सुरक्षा जमा राशि का भुगतान नहीं करना होगा।
इस योजना की सफलता उपभोक्ताओं को अपनी पसंद के वितरकों और तेल कंपनियों को चुनने का अधिकार प्रदान करने में निहित है जिससे वितरक और तेल कंपनियां बेहतर प्रदर्शन के लिये बाध्य हों और पोर्टेबिलिटी के लिये अधिक अनुरोध नहीं आये।
इस पहल से वितरकों के सभी क्लस्टर के बीच स्वस्थ प्रतिस्पर्धा बढ़ेगी जिससे उपभोक्ताओं को बेहतर सेवाएं मिलने की संभावना है। यह सुनिश्चित करने के लिये कि एलपीजी उपभोक्ताओं को अपनी पसंद का वितरक चुनने में किसी किस्म की परेशानी का सामना नहीं करना पडे, हर पोर्टेबिलिटी अनुरोध की इलैक्ट्रॉनिक ट्रैकिंग की जाएगी।