चण्डीगढ़, 24 मार्च : पंजाब के पर्यटन एवं सांस्कृतिक मंत्री स. सरवण सिंह फिल्लौर ने राज्य में विदेशी एवं स्थानीय पर्यटकों को आकर्षित करने के मध्यनज़र पर्यटन को बढ़ावा देने के लिए विशेषज्ञों और इससे प्रेरित श्रमिकों की सेवाएं प्राप्त करने की जरूरत पर बल दिया है।
नई दिल्ली में भारत के राष्ट्रपति डा. प्रणब मुखर्जी द्वारा अमृतसर हैरीटेज़ वाक के लिए राष्ट्रीय पर्यटन पुरस्कार प्राप्त करने के बाद स. फिल्लोर ने कहा कि इस गौरवमयी ‘हैरीटेज़ वाक’ को पंजाब के हैरीटेज़ तथा पर्यटन बढ़ावा बोर्ड ने आरम्भ किया था। जिसका उद्धेश्य अमृतसर के ऐतिहासिक शहर के चार सौ वर्षीय इतिहास सम्बन्धी जानकारी प्राप्त करने के लिए पर्यटकों को आकर्षित क रना है। इस स्थान पर आकर कोई भी व्यक्ति पुरानी टाउन प्लानिंग, रिवायती व्यापार एवं दस्तकारी और पुराने बाजारों सम्बन्धी जानकारी प्राप्त कर सकता है। उन्होंने कहा कि अमृतसर को जानने के लिए पर्यटकों के लिए यह अनोखा अवसर मुहैया करवाया गया है।
स. फिल्लौर ने बताया कि इस प्रोजैक्ट में अमृतसर की रिवायती नजारे को कायम रखा गया। इस क्षेत्र में घूम कर कोई भी व्यक्ति कटड़ा, अखाड़ों, बुगियां, हवेलियों तथा दुकानों को देख सकता है जोकि शहर की प्लानिंग एवं आर्किटैक्ट में शामिल थे। यहां घूमते हुए उस रिवायती व्यापार और क्राफ ट सम्बन्धी भी जानकारी हासिल की जा सकती है। इस गलियारे में घूमते हुए 14 खड़े के स्थान पर हें। यह पुराने बस्तीवाद, हिन्दू मन्दिरों, महाराजा रणजीत सिंह से सम्बन्धित ईमारतों और पुराने बाजारों का अनोखा समन्वय है।