लंदन - बिहार चुनाव में मुख्य प्रचारक होने के नाते जिम्मेदारी ओढऩे के चौतरफा बढ़ रहे दबाव के बीच प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी ब्रिटेन की तीन दिवसीय यात्रा पर ब्रिटेन रवाना हो गए थे। वे आज अपनी यात्रा की शुरुआत बिट्रेन में भाषण के साथ करेंगे। ब्रिटेन ने जिस तरह उनकी अगवानी की व्यवस्था की है और जिस भारी संख्या में लोगों के उनका भाषण सुनने के लिए पहुंचने की उम्मीद है, उससे आशा की जा रही है कि पीएम का बिहार में हार का रंज कुछ हद तक कम होगा।
वैसे इस यात्रा के दौरान पीएम का व्यस्त कार्यक्रम रहने वाला है, जिसकी शुरुआत वह अपने ब्रिटिश समकक्ष डेविड कैमरन के साथ वार्ता से करेंगे। कैमरन भी उनकी यात्रा से उत्साहित हैं, यह बात खुद उनके बयानों से साबित होती है। कैमरन ने कहा कि मैं इस दौरे की बाट जोह रहा हूं। प्रधानमंत्री मोदी भारत में जो कर रहे हैं, उसे ले कर उत्साहित हूं और मैं उस साझेदारी को लेकर उत्सुक हूं, जो हम साथ मिलकर बना सकते हैं। कैमरन ने कहा कि भारत के साथ सिर्फ आर्थिक संबंधों का जश्न नहीं मनाना है, बल्कि दोनों महान देशों के बीच गहन आधुनिक साझेदारी के निर्माण भी करना है।
प्रधानमंत्री मोदी शुक्रवार को वे सीईओ के साथ गोल मेज बातचीत के लिए लंदन लौट आएंगे। इस वार्ता में रोल्स रॉयस और वोडाफोन सहित ब्रिटिश की मुख्य कंपनियों के प्रतिनिधियों के शिरकत करने की उम्मीद है। यह होगा खास प्रधानमंत्री की यात्रा में रेड एरोज रॉयल एयर फोर्स (आरएएफ) की एयरोबैटिक टीम की ओर से विशेष तिरंगा फ्लाइपास्ट के आयोजन की उम्मीद है, जो शुक्रवार को प्रधानमंत्री के महारानी एलीजाबेथ द्वितीय के साथ दोपहर के भोज पर बैठने से पहले होगा। इससे पहले वह उत्तर लंदन के वेम्बले स्टेडियम में प्रवासी भारतीयों की ओर से आयोजित स्वागत समारोह में जाएंगे।