नई दिल्ली/चण्डीगढ़, 18 मार्च : बठिंडा से संसद सदस्य बीबी हरसिमरत कौर बादल ने आज लोकसभा के प्रशनकाल दौरान पंजाब विशेषकर मालवा क्षेत्र में कीटनाश्कों की हो रहे अंधाधुंध प्रयोग से फैले कैंसर के प्रकोप का मुद्दा उठाते हुए केंद्र सरकार को इसका हल ढूंढने और इसकी तुरंत रोकथाम करने की बात की। उन्होंने जोरदार ढंग से मुद्दा उठाते हुए केंद्र सरकार को पूछा की मानवीय जाने बचाने और रसायन प्रदूषण के हल के लिए क्या प्रयास किए जा रहें हैं। केंद्रीय वातावरण एवं वन मंत्री जयंती नटराजन भी चाहे संसद सदस्य के नुक्तों से सहमत हुई परंतु वह इनके हल के लिए कोई ठोस जवाब ना दे सके।
अपने प्रशन में बीबी बादल ने केंद्रीय मंत्री को पूछा कि क्या केंद्र सरकार मालवा क्षेत्र में कीटनाशकों के प्रयोग के कारण कैंसर जैसी नामुराद बिमारियों के शिकार हो रहे लोगों के दुख से अवगत है? यदि वह अवगत है तो इसको रोकने के लिए क्या कदम उठाये गये? बीबी बादल ने कहा कि कृषि लागतें बढऩे और वाजि़ब मूल्य ना मिलने के कारण किसान मज़बूरी बस अधिक झाड़ के लिए कीटनाशकों का प्रयोग कर रहें हैं। मालवा क्षेत्र में कीटनाशकों के प्रयोग से भूजल और मिट्टी बुरी तरह प्रभावित हुई है जिसके परिणाम स्वरूप लोग कैंसर जैसी नामुराद बिमारियों का शिकार हुए हैं।
संसद सदस्य माननीय स्पीकर मैडम द्वारा केंद्रीय मंत्री को कहा कि यह मामला गंभीर है जो मानवीय जीवन और वातावरण से संबंधित है। उन्होंने किसानों के दुख सुनाते हुए कहा कि किसानों के खून के सैंपलों में कीटनाशक पाये जा रहें हैं। यहां तक की मां के दुध में भी कीटनाशक और बच्चों के बालों में भी यूरेनियम के तत्व पाये जा रहें हैं। उन्होंने प्रशन किया कि केंद्र सरकार ने इसके हल के लिए कोई जिम्मेवार संस्था बनाई है या इसकी रोकथाम या लोगों में जागरूकता के लिए कोई योजना बनाई है।