ढाका - शेख मुजीबुर रहमान 40वीं बरसी के एक दिन पहले मीडिया में नई रिपोर्टे आई हैं। इन रिपोर्टो में बताया गया है कि शेख मुजीबुर रहमान की हत्या की साजिश की सूचना भारत ने पहले ही दे दी थी लकिन बगबंधु ने उसे अनदेखा कर दिया। रिपोर्ट में कहा गया है कि 15 अगस्त 1975 को बगबंधु और उनके परिवार के सदस्यों की हत्या से सात माह पहले भारत की खुफिया एजेंसी रिसर्च एण्ड एनालिसिस विंग के पूर्व प्रमुख ने दिसंबर 1974 में उनसे मुलाकात कर षडयंत्र के बारे में जानकारी दी थी। लेकिन उनहोनें इस बात को अनदेखा कर दिया था।
बगबंधु ने रॉ के संस्थापक रामेश्वर नाथ से कहा था कि साजिशकर्ता उनके बच्चे हैं और वे उन्हें नुकसान नहीं पहुंचा सकते। रिपोर्ट में अशोक रैना की पुस्तक इन्साइड रॉ का जिक्र भी है। रॉ के संस्थापक ने उनसे बहस नहीं की और यह कहा कि वे उन्हें साजिश का ब्यौरा भेजेंगे। बाद में रॉ के संस्थापक ने अपने एक अधिकारी को उनके पास तख्ता पलट की साजिश करने वालों के बारे में जानकारी भेजी थी लेकिन बगबंधु ने उसे भी मानने से इंकार कर दिया था।