लुधियाना - लुधियाना पुलिस ने गत 30 जुलाई को दिन-दहाड़े यहां गिल रोड़ स्थित दशमेश नगर में मण्णापुरम गोल्ड लोन कंपनी के कार्यालय से दो करोड़ 40 लाख रुपये मूल्य का सोना और दो लाख 23 हजार रुपये लूटे थे उसकी गुत्थी सुलझा लेने और चार लुटेरों को गिरफ्तार करने का दावा किया है। पुलिस के अतिरिक्त उपायुक्त (ए.डीसी.पी.) अपराध श्री मुखविन्द्र सिंह भुल्लर ने संवाददाताओं को जानकारी देते हुए बताया कि आरोपियों से साढ़े पांच किलोग्राम सोना बरामद कर लिया गया है।
उल्लेखनीय है कि कंपनी से 14 किलो सोने के आभूषणों की लूट हुई थी। उन्होंने बताया कि कुल 12 आरोपियों ने लूट में भाग लिया था जिनमें से 6 शस्त्रों से लैस होकर कम्पनी के कार्यालय में गये थे। उन्होंने सोना लूटने के बाद वहां तैनात छह कर्मियों जिनमें एक महिला और सुरक्षा गार्ड भी शामिल था, को एक पुलिस के उपायुक्त (अपराध) मुखविन्द्र सिंह भुल्लर ने बताया कि जिन चार लुटेरों को गिरफ्तार किया गया है उनमें उत्तम कुमार उर्फ दीपू (दो किलो 15 ग्राम सोना, एक अवैध पिस्तौल, चार कारतूस और एक मोटर साईकिल बरामद), धर्मेन्द्र (उससे एक किलो सोना), कर्ण कुमार (एक किलो सोना) और विनोद कुमार से एक किलो 15 ग्राम सोना, एक अवैध रिवाल्वर और दो कारतूस बरामद हुए हैं। उन्होंने बताया कि बरामद किये गये कुल सोने की कीमत एक करोड़ 25 लाख रुपये है।
उन्होंने बताया कि गिरोह का सरगना उत्तम उर्फ दीपू था। उसने कुछ माह पूर्व कम्पनी के पास अपने सोने के आभूषण गिरवी रखकर 65 हजार रुपये का कर्जा लिया था। दीपू पटियाला जिला के नाभा कस्बे का रहने वाला है। शेष सभी लुधियाना के रहने वाले हैं। उसने कम्पनी के कार्यालय में कई बार किसी न किसी बहाने आकर रैकी की थी। उसने वहां देखा कि कंपनी की सुरक्षा व्यवस्था बहुत ढीली है। उसके दृष्टिगत उसने 12 व्यक्तियों पर आधारित एक गिरोह का गठन किया। उसमें अधिकांश अन्य राज्यों से आये हुए प्रवासी मजदूर थे।
आरोपियों की पहचान करने में कम्पनी का सडक़ पर लगे हुए सी.सी.टी.वी. कैमरे ने मुख्य भूमिका निभाई। उसने दीपू को पहचान लिया। पुलिस ने उसको काबू करके शेष तीन को उत्तर प्रदेश से उसके गांव से गिरफ्तार किया ।