टोक्यो - जापान में मंगलवार को शिकानसेन बुलेट ट्रेन में दिल दहला देने वाला वाक्या सामने आया जब ट्रेन में सवार 30 साल के मुसाफिर ने खुद पर तेल उड़ेलकर आग लगा ली। जिससे बोगी में आग लगने के बाद एक महिला यात्री सहित दो की मौत हो गई। मरने वालों में वह यात्री भी शामिल है जिसने खुद को आग लगाई थी। प्राप्त जानकारी के मुताबिक, आग लगते ही बुलेट ट्रेन की उस बोगी में धुआं भर गया जिसके कारण यात्रियों का दम घुटने लगा।
वहीं घटना के दौरान दो यात्रियों को हार्ट अटैक आने की भी खबर है। इस घटना में कुल नौ मुसाफिर घायल हुए, जिनमें से दो की हालत गंभीर बताई जा रही है। यात्री ने चलती ट्रेन में आत्मदाह करने की कोशिश क्यों की, इस बारे में अभी कुछ पता नहीं चला है। न ही उसकी हालत के बारे में जानकारी मिल पाई है। एनएचके पाह्नब्लक टीवी की रिपोर्ट के मुताबिक, फायर डिपार्टमेंट्स के अधिकारियों ने बताया है कि इस घटना में एक महिला यात्री की मौत हो गई है जिसे अस्पताल में भर्ती कराया गया था। कुछ और यात्रियों की हालत गंभीर बनी हुई है। धुआं भरने के कारण दम घुटने से कई यात्री घायल हुए हैं।
ट्रेन ऑपरेट करने वाली जेआर टोकाई (सेंट्रल जापान रेलवे वंपनी) ने बताया कि धुएं के कारण एक व्यक्ति ट्रेन की बोगी के गेट पर ही बेहोश हो गया। वहीं सीसीटीवी पुटेज में स्पष्ट दिख रहा है कि लोग धुएं से बचने की कोशिश में मुंह-नाक ढके हुए हैं। स्थानीय समयानुसार सुबह यह हादसा हुआ। उस समय ट्रेन योकोहामा और ओडावारा के बीच थी। ट्रेन टोक्यो से ओसाका जा रही थी जिसमें करीब 1000 यात्री सवार थे। घटना के बाद किसी यात्री ने इमरजेंसी बटन दबाया, जिसके बाद ट्रेन को तत्काल रोका गया। गौरतलब है कि सुरक्षित यात्रा के लिए मशहूर शिकानसेन बुलेट ट्रेन 320 किलोमीटर/घंटे की रफ्तार से चलती है। पिछले 50 साल में यहां एक भी हादसा नहीं हुआ।