सियोल - भारत और दक्षिण कोरिया की कंपनियों से दोनों देशों के बीच कारोबारी माहौल को बेहतर बनाने का आह्वान करते हुए प्रधानमंत्री नरेद्र मोदी और दक्षिण कोरिया के राष्ट्रपति पार्क ग्यून हे ने मंगलवार को अपनी तरह के पहले भारत और कोरिया के मुख्य कार्यकारी अधिकारियों के संयुक्त मंच (इंडिया-कोरिया सीईओ फोरम) का उद्घाटन किया। इस दौरे में उन्होंने सात समझौते किए।
मोदी ने फोरम को संबोधित करते हुए कहा कि दोनों देशों के सीईओ के बीच विचारों का आदान-प्रदान काफी फायदेमंद साबित होगा। मोदी ने दक्षिण कोरिया के चमत्कारिक आर्थिक विकास और तकनीकी क्षेत्र में विश्व में उसकी खास पहचान का जिक्र करते हुए कहा कि ऐसा करके इस देश ने इस शताब्दी को एशिया की शताब्दी बनाने में महत्त्वपूर्ण भूमिका निभाई है। उन्होंने कहा कि कोरिया एशिया प्रशांत क्षेत्र में लोकतंत्र का स्तंभ और स्थिरता कायम रखने वाली मुख्य ताकत है।