चंडीगढ़ – (मोनिका शर्मा/आरके विक्रांत शर्मा ) - पंजाब के मुख्यमंत्री ने मिनी सिविल सचिवालय में अचानक पहुंचने पर 14 अनुपस्थित कर्मचारियों को खूब लताड़ा। ये सब सीनियर अधिकारी हैं। छापेमारी को सवेरे सवा नौ बजे ख़ुद मुख्यमंत्री बादल ने अंजाम दिया।
मुख्यमंत्री ने चेताया कि अफसरों के कारण क़िसी को कोई दिक्क्त आई तो अफसर को सख़्त सजा दी जाएगी । उक्त चैकिंग का मकसद सिर्फ सचिवालय के दफ़्तरों में चल रहें कार्यो में तेजी लाना, पारदर्शिता व ईमानदारी लाना था । सरकार जनतक सेवाऐं देने के लिए बचनबद्ध हैं । अनुशासन हीनता को बर्दाश्त नहीं किया जायेगा ! आज की चैकिंग की भेंट चढे एस आर लद्धड़, ऐ वणु प्रशाद, धर्मवीर व संजे कुमार, अनुराग अग्र्रवाल, वी के जंजुआ जे एस बाला मुरगम, डाक्टर अमरपाल सिंह एच ऐस कंधौला एपी ऐस वरक चन्दर गेंड राहूल भंड़ारी, अवतार चंद शर्मा , ओएसडी लिटिगेशन हेल्थ डिपार्टमेंट आर एल महता सभीं आइ ऍ ऐस अधिकरी शामिल थी ! मजेदार बात ये हाजिर पाये गई कर्मचारि में अंजलि भंवरा डॉक्टर रोशन सनकारिया सी ऱाहुल रवनीत कॉर विश्वजीत खन्ना ज़ी वज्रालिगं सुरेश कुमार व् आर सी वर्मा, बी के मीणा, डीएस ग्रेवाल दलजीत सिंह और अशोक कुमार गुप्ता विकास गर्ग ,मंदीप सिंह, दलजीत सिंह, प्रेम चंद अरोड़ा विनोद भल्ला व पिरथी चन्द बलविंदर सिंह मुल्तानी जोकि आज निवृत हूए सीटों पर हाजिर पाये गये !
उक्त छापेमारी के बाद तो सचिवालयों में हडकम्प मच गया ! सिविल डिस्पेंसरी का दौरा किया गया तो वहां सारा पैरा मेडिकल व चिकित्सक हाजिर मिलें ! नैशनल इन फार्मेटिक सेंटर में थोड़ा सा जूनियर स्टाफ हाजिर था बकि पूरा स्टाफ नदारद मिला ! इस कार्यवाही में मुख्यमंत्री बादल के साथ प्रमुख सचिव एस के संधु साहित विषेष प्रमुख सचिव जी एस बराड़ भीं साथ रहें ।