मोहाली, 30 अक्टूबर 2026: नाईपर-मोहाली के ‘प्राकृतिक उत्पाद’ विभाग ने नाईपर- एस.ए.एस. नगर एलुमनाई एसोसिएशन के साथ मिलकर, 30 अक्टूबर 2026 को "ट्रांसफॉर्मिंग नेचुरल प्रोडक्ट्स रिसर्च: ब्रिजिंग ट्रेडिशनल नॉलेज विद AI एंड ML" (प्राकृतिक उत्पादों पर शोध में बदलाव: पारंपरिक ज्ञान को AI और ML के साथ जोड़ना) विषय पर एक दिवसीय संगोष्ठी का आयोजन किया। इस संगोष्ठी में प्राकृतिक उत्पादों पर शोध में उनके योगदान के लिए प्रो. इंदर पाल सिंह को सम्मानित किया गया।
विभिन्न कॉलेजों और संस्थानों के लगभग 135 प्रतिनिधियों ने इस संगोष्ठी में भाग लिया। इस आयोजन में वैज्ञानिक, शिक्षाविद, उद्योग विशेषज्ञ और शोधार्थी एक साथ आए, ताकि इस बात पर चर्चा की जा सके कि कैसे आर्टिफिशियल इंटेलिजेंस (AI) और मशीन लर्निंग (ML) पारंपरिक ज्ञान के अध्ययन और प्राकृतिक उत्पादों पर आधारित दवाओं की खोज को आगे बढ़ा सकते हैं।
उद्घाटन सत्र में, नाईपर -मोहाली के निदेशक प्रो. दुलाल पांडा और नाईपर के डीन प्रो. कुल भूषण टिक्कू ने उपस्थित लोगों को संबोधित किया। इस दौरान "द साइंटिफिक लिगेसी ऑफ प्रो. इंदर पाल सिंह" (प्रो. इंदर पाल सिंह की वैज्ञानिक विरासत) नामक एक पुस्तक का भी विमोचन किया गया।
पीबीटीआई-मोहाली, पंजाब विश्वविद्यालय, सीएसआईआर-आई आई सी टी हैदराबाद, हिमालय वेलनेस कंपनी और नाईपर -मोहाली के विशेषज्ञों ने मुख्य व्याख्यान और आमंत्रित व्याख्यान दिए। इसके अलावा, एक पोस्टर सत्र भी आयोजित किया गया, जिसमें सर्वश्रेष्ठ पोस्टरों के लिए पुरस्कार दिए गए।
समापन समारोह में इंद्र कुमार गुजराल पंजाब टेक्निकल यूनिवर्सिटी, जालंधर के कुलपति प्रो. अरविंद बंसल के साथ-साथ उनके परिवार के सदस्यों, सहयोगियों, छात्रों और शिक्षकों द्वारा प्रो. इंदर पाल सिंह को सम्मानित किया गया।