चंडीगढ़ : पंजाब सरकार द्वारा डी फॉरमेसी (उपवैध) कोर्स की योग्यता 10वीं की बजाये 12वीं करने का फैसला किया गया है। यह जानकारी चिकित्सा शिक्षा एवं अनुसंधान मंत्री अनिल जोशी ने यहां जारी एक प्रेस बयान द्वारा दी।
जोशी ने बताया कि गत् दिवस सरकारी आयुर्वैदिक और यूनानी उपवैध यूनियन पंजाब के प्रतिनिधियों ने उनसे मुलाकात करके मांग रखी थी कि डी फार्मेसी उपवैध कोर्स की योग्यता पहले की तरह 12वीं मैडिकल और नॉन मैडिकल की जाये। उन्होंने बताया कि पड़ौसी राज्यों हरियाणा और हिमाचल प्रदेश में भी इस कोर्स की शैक्षणिक योग्यता 12वीं हैं और पंजाब राज्य में योग्यता मैट्रिक होने के कारण राज्य के विद्यार्थीयों को योग्य नौकरियां नही मिल रही।
जोशी ने बताया कि विभाग ने फैसला किया है कि इस कोर्स के लिए अब योग्यता 12वीं कर दी जाये ताकि आगामी समय में विद्यार्थी बढिय़ा नौकरियां प्राप्त करने के योग्य हो सकें और इसका बेहतर प्रभाव पंजाब में नौकरी करते सरकारी उपवैधों के वेतन स्केलों और अन्य सेवा नियमों पर पड़े।