चंडीगढ़ : पंजाब के वन एवं वन्य जीव रक्षा मंत्री चुन्नी लाल भगत ने राज्य के किसानों को धान की पराली ना जलाने की अपील की है। उन्होंने कहा कि किसान वातावरण एवं अपनी खुशहाली के लिए पराली को खाद के तौर पर इस्तेमाल करें। इसके साथ ही किसाना पराली साडऩे की बजाये बिज़ली बनाने के लिए बनाये बॉयो गैस प्लांटों को बेचें जहां उनको पराली बेचने पर 1100 रुपये से लेकर 1400 रुपये प्रति एकड़ तक कमाई हो सकती है।
यहां जारी प्रेस बयान द्वारा उन्होंने कहा कि पराली साडऩे से जहां वातावरण दूषित हो रहा है, वहीं जहरीले धुंए से से आंखाों और सांस की गंभीर बिमारियां भी लग रही हैं। धुआं भयानक सडक़ दुर्घटनाओं का भी कारण बन रहा है। उन्होंने कहा कि इससे भूमि में से मित्र कीड़ों का नाश होने के कारण भूमि की उपजाऊ शक्ति घटने के कारण किसानों को पैदावार कम हो रही है। उन्होंने कहा कि यदि किसान इसी प्रकार पराली जलाते रहे तो भविष्य में इसके गंभीर परिणाम सामने आयेंगे। उन्होंने कहा कि पराली को खाद के तौर पर इस्तेमाल करने से जहां भूमि की उपजाऊ शक्ति बढ़ेगी वहीं मंहगी खादों की जरूरत भी नही पड़ेगी।
भगत ने आगे कहा कि अब पराली से बिजली बनाने वाले बॉयो मास प्लांट भी लग चुके हैं जो किसानों के खेतों में से स्वयं पराली काट कर ले जाते है जिससे किसानों को पराली से आय भी हो रही है। उन्होंने कहा कि इस प्रकार करने से राज्य में बिज़ली का अधिक उत्पादन होने से राज्य में अधिक खशहाली आयेगी। मंत्री ने आगे कहा कि इसके लिए किसान गांव गुलाबेवाला और गांव चन्नों जिला मुक्तसर गांव गद्दाह डोग जिला फिरोज़पुर गांव भगोरा जिला पटियाला और गांव बीजो जिला होश्यिारपुर के बॉयोमास प्लांटों से संपर्क कर सकते हैं।