चंडीगढ़ : महात्मा गांधी स्टेट इंस्टीच्यूट ऑफ पब्लिक एडमिन्सट्रेशन पंजाब द्वारा आज राज्य के सरकारी अधिकारियों के हुनर विकास के लिए इंडियन स्कूल ऑफ बिजनस से (आई एस बी) आपसी समझौते पर हस्ताक्षर किये गये। इस अवसर पर मु य सचिव पंजाब श्री राकेश सिंह मु य अतिथि के तौर पर उपस्थित थे।
यह जानकारी देते हुए पंजाब सरकार के प्रवक्ता ने बताया कि इस आपसी समझौते पर मैगसीपा द्वारा निदेशक कृपा शंकर सरोज़ और आई एस बी द्वारा प्रदीप सिंह ने हस्ताक्षर किये। प्रदीप सिंह आई एस बी के डिप्टी डीन और मोहाली कैंपस के सी ई ओ हैं। इस अवसर पर मु य सचिव पंजाब राकेश सिंह ने समझौते पर दोनों पक्षों को बधाई देते हुए कहा कि इंडियन स्कूल ऑफ बिजनेस देश का नामवर और प्रसिद्ध पेशेवर संस्थान हैं। उन्होंने कहा कि इस संस्थान से समझौता करने से पंजाब के सरकारी अधिकारी के हुनर विकास में काफी बढ़ौतरी होगी जिससे उनको प्रशासकीय जि मेवारीयां बेहतर ढंग से निभाने में सहायता मिलेगी।
मैगसीपा के महानिदेशक सी राउल ने कहा कि इंडियन स्कूल ऑफ बिजनेस से इस समझौते का वास्तविक उद्धेश्य दोनों संस्थानों के बीच फैकल्टी, अनुसंधान कर्ताओं और स्नातक विद्यार्थीयों का अदान प्रदान करना है। दोनो संस्थान संयुक्त तौर पर बाहरी शिष्टमंडलों की मेज़बानी, संयुक्त अनुसंधान गतिविधियों और शैक्षणिक और संगोष्ठियों में भागेदारी, बुनियादी सुविधाओं और संबंधित प्रकाशित सामग्री का आदान-प्रदान कर सकेंगी।
आई एस बी के डीन अजीत रंगेकर बताया कि पंजाब सरकार से किये आपसी सहमति के समझौते तहत राज्य के चयनित अधिकारियों के लिए कार्यकारी विकास कार्यक्रम की सौ दिवसीय प्रशिक्षण अनिवार्य होगा। उन्होंने कहा कि मैगसीपा से एम औ यू हस्ताक्षर करने से सरकारी अधिकारियों को व्यवसायिक हुनर में अपनी मोहारत सिद्ध करने का अवसर मिलेगा।
इस अवसर पर आई एस बी के निदेशक (बाहरी संपर्क) डी एन वी कुमार, गुरू और प्रबंधक (प्रशासन) मदनजीत रंधावा और मैगसीपा के प्रशिक्षण इंचार्ज डॉ. आर के शर्मा तथा ए डी और विनोद कुमार शर्मा भी उपस्थित थे।