पंचकुला - पंजाबी भाषा से प्रेम करने वालों के लिए हरियाणा सरकार द्वारा पंजाबी लेखकों को वर्ष 2017 से 2022 तक के लिए सम्मान पुरस्कार और पुस्तक पुरस्कार देने की घोषणा कर दी गई है। ये पुरस्कार शीघ्र ही हरियाणा के मुख्यमंत्री नायब सिंह सैनी द्वारा दिये जायेंगे।
हरियाणा साहित्य एवं संस्कृति अकादमी के कार्यकारी उपाध्यक्ष कुलदीप अग्नीहोत्री तथा निदेशक हरपाल सिंह गिल ने बताया कि वर्ष-2017 के लिए स.दर्शन सिंह, शाहबाद मारकंडा; कविता वर्ग; डॉ. इन्दु गुप्ता फ़रीदाबाद कहानी वर्ग; चरण पुआधी कैथल, बाल साहित्य वर्ग; देविन्दर मोहन सिंह, अम्बाला शहर मिन्नी कहानी वर्ग; डाॅ. कुलविंदर सिंह, ईस्माईलाबाद; आलोचना वर्ग; निर्मल सिंह नोकवाल, पिंजौर रचनात्मक लेख वर्ग की पुस्तकों का पुरस्कार के लिए चयन किया गया है।
वर्ष-2018 के लिए संतोख सिंह अम्बालवी, अम्बाला शहर, कविता वर्ग के लिए; जसबीर सिंह साहनी, मोहाली, नावल वर्ग के लिए; रूपिंदर कौर, कैथल, नाटक वर्ग के लिए; तरलोचन मीर, कैथल, आलोचना वर्ग के लिए; रघुबीर सिंह बाजवा, सिरसा; रचनात्मक लेख वर्ग की पुस्तकों का चयन किया गया है।
वर्ष-2019 करमजीत देओन ऐलनाबाद, कविता वर्ग के लिए; केसरा राम, ऐलनाबाद, कहानी वर्ग के लिए; डॉ. बलवान औजला, अम्बाला कैंट, नाटक वर्ग के लिए; डॉ. सुरिंदर सिंह, कैथल, आलोचना वर्ग के लिए; गुरप्रीत कौर सैनी, हिसार रचनात्मक लेख वर्ग की पुस्तकों का चयन किया गया है।
वर्ष-2020 गुरप्रीत कौर, अम्बाला शहर कविता वर्ग के लिए; डाॅ. सोनीया, अम्बाला कैंट, आलोचना वर्ग के लिए; मीना नवीन, अम्बाला कैंट अनुवाद वर्ग की पुस्तकों का चयन किया गया है।
वर्ष 2021 के लिए अनुपिंदर सिंह ‘अनूप', पानीपत कविता वर्ग के लिए; डॉ. सरबजीत कौर, कुरूक्षेत्र का आलोचना वर्ग के लिए चयन किया गया है।
वर्ष-2022 के लिए नीर, गुरूग्राम का कविता वर्ग के लिए, बलविन्दर कौर खुराना, गुरूग्राम का कहानी वर्ग के लिए; अनिल कुमार, कैथल का बाल साहित्य वर्ग के लिए; डाॅ. कुलविन्द्र सिंह, फतेहाबाद का आलोचना वर्ग की पुस्तकों का चयन किया गया है।
पुस्तक पुरस्कार योजना के अन्तर्गत पुरस्कृत पुस्तक के लेखक को रुपये 31000/- की राशि पुरस्कार के रुप में प्रदान की जाती है।
उन्होने बताया कि अकादमी द्वारा पुस्तक प्रकाशन सहायता अनुदान योजना (2017-2022) के लिए ‘विरासती हरियाणा’; ‘परछावें’ तथा ‘सुनामी’ पांडूलिपियों का चयन किया गया है।
स. हरपाल सिंह ने बताया कि पंजाबी कहानी प्रतियोगिता (वर्ष-2017-2022) के लिए 13 कहानीकारों की कहानियों का पुरस्कार के लिए चयन किया गया है।