चंडीगढ़ - हरियाणा के स्वास्थ्य मंत्री अनिल विज तथा आई.पी.एस. अधिकारी संगीता कालिया के बीच शुरू हुआ विवाद थमने का नाम नहीं ले रहा है। भले ही सरकार ने संगीता कालिया का तबादला कर दिया है लेकिन तबादले से पहले का विवाद अंत तक नहीं पहुंच पाया है। सोशल मीडिया पर आज दूसरे दिन भी इस मुद्दे को लेकर बहस छिड़ी रही। कोई पक्ष अनिल विज का समर्थन कर रहा है तो कोई संगीता कालिया के साथ खड़ा दिखाई दे रहा है।
हरियाणा के चर्चित आई.ए.एस. अधिकारी अशोक खेमका ने इस मुद्दे पर टवीट् के माध्यम से सवाल करते हुए कहा है कि क्या मंत्री एस.पी. को अवैध आदेश दे रहा था? जहां सर्वजन भलाई शामिल हो वहां विवाद पर राजनीतिक अनुकूलता बनाने के लिए पुलिस का उत्तरदायित्व सही नहीं है। उधर सुप्रीम कोर्ट के पूर्व न्यायाधीश जस्टिस मारकंडे काटजू ने अपने फेसबुक पेज पर इस विवाद पर टिप्पणी करते हुए अनिल विज पर कटाक्ष किया है।
काटजू ने आई.पी.एस. अधिकारी संगीता कालिया को संबोधित करते हुए कहा कि पूरा देश आपके साथ है। मंत्री अनिल विज ने एक गुंडे जैसा व्यवहार किया और यह देश के लिए शर्म की बात है। आप निर्दोष साबित होंगी। देश को आप पर गर्व है। जस्टिस काटजू ने इस विवाद में अपनी टिप्पणी करके नया विवाद शुरू कर दिया है। दूसरी तरफ इस सारे विवाद के बाद स्वास्थ्य मंत्री अनिल विज ने भी इस मामले में कई बार टवीट् किया। विज ने कहा कि एस.पी. के जिम्मे पूरे जिले की कमान होती है। उन्होंने सार्वजनिक रूप से शराब व ड्रग माफिया के खिलाफ कार्रवाई करने में असमर्थता जताई। मुख्यमंत्री द्वारा उनके तबादले संबंधी लिया गया फैसला जायज है।