शिमला - हिमाचल प्रदेश के कांगड़ा की बीड़ बिलिंग घाटी में पैराग्लाइडिंग के विश्व कप की तैयारियां जोरों पर है। 23 अक्तूबर से 31 अक्तूबर तक आयोजित होने वाले इस आठ दिवसीय विश्व कप में दुनिया भर के 130 पैराग्लाइडर अपनी कुशलता का परिचय देते हुए घाटी में उड़ान भरेंगे। लगभग चालीस देशों से आने वाले इन पैराग्लाइडरों की जरूरत का हर इंतजाम किया जा रहा है। इन ग्लाइडरों में दुनिया के बेहतरीन माने जाने वाले पांच पैराग्लाइडर भी शामिल हैं।
बीड़ बिलिंग घाटी पैराग्लाइडिंग की दृष्टि से दुनिया की दूसरी सबसे बेहतर घाटी मानी जाती है। विश्व भर के पैराग्लाइडरों में यहां पैराग्लाइडिंग करने का भारी क्रेज है। इस खेल के साथ क्योंकि जोखिम भी जुड़ा है इसलिए इस अंतर्राष्ट्रीय आयोजन में सुरक्षा संबंधी इंतजामों को लेकर हिमाचल सरकार विशेष रूप से गंभीर है। राज्य के शहरी विकास मंत्री जो इस आयोजन का सारा जिम्मा संभाले हुए हैं, का कहना है कि पुराने अनुभवों को देखते हुए सुरक्षा में किसी तरह की कोई कोताही न बरते जाने के निर्देश दिए गए हैं।
उन्होंने बताया कि प्रतियोगिता में भाग लेने वाले सभी प्रतिभागियों पर बीमा कराए जाने की शर्त लगाई गई है। भारत के 7 प्रतिभागियों का बीमा बिलिंग पैराग्लाइडिंग एसोसिएशन द्वारा कराया जा रहा है जबकि अन्य को खुद यह बीमा कराना पड़ेगा। प्रतिभागियों के बीमा राशि में भी इस बार भारी बढ़ोतरी की गई है।