चंडीगढ - मुख्यमंत्री मनोहरलाल खट्टर के 10 दिवसीय विदेश दौरे से प्रदेश में 10 हजार करोड़ रुपये के विदेशी निवेश की संभावनाएं जताई हैं। इससे राज्य के 40 हजार युवाओं के लिए रोजगार के अवसर सृजित होंगे। अमेरिका और कनाडा के दौरे से लौटे सीएम ने चंडीगढ़ में यह दावा किया। उन्होंने कहा कि इस दौरान पांच कंपनियों के साथ निवेश को लेकर समझौते हुए हैं और 21 कंपनियों ने हरियाणा में निवेश की इच्छा जताई है। इन कंपनियों को आकर्षित करने के लिए अगले साल जनवरी में निवेशकों के लिये गुडग़ांव में ‘हैपनिंग हरियाणा’ सम्मेलन आयोजित किया जाएगा।
जिन 5 कंपनियों ने करार हुआ है उनमें गूगल भी शामिल है। ‘डिजिटल हरियाणा’ के लक्ष्य को पूरा करने के लिए सरकार ने गूगल के साथ हाथ मिलाया है। स्मार्ट सिटी के लिए सिस्को, कौशल विकास के लिए यूनाइटेड टेक्नॉलोजी, सौर ऊर्जा के लिए एप्लाइड मेटिरियल्स इंक, मेडिकेयर व हेल्थ केयर तथा जनस्वास्थ्य में सहयोग के लिए अल्गोंकुइन कॉलेज ऑफ एप्लाइड आर्ट्स एण्ड टेक्नॉलोजी के साथ करार किया गया है। मुख्यमंत्री ने कहा कि अभी इन पांचों कंपनियों के साथ एमओयू साइन हुए हैं। अब इन कंपनियों के प्रतिनिधि हरियाणा का दौरा करेंगे और अधिकारियों के साथ बैठकें होगी।
मुख्यमंत्री ने उम्मीद जताई कि जल्द ही ये कंपनियां प्रदेश में निवेश शुरू करेंगी। हरियाणा में निवेश किन शहरों में होगा इस पर सीएम ने कहा कि आईटी क्षेत्र की कंपनियां गुडग़ांव में ही निवेश करेंगी। बाकी कंपनियों के साथ अभी इस बारे में बातचीत होनी बाकी है। शुरुआती बातचीत में निवेशकों ने यही कहा है कि वे ऐसे शहरों में निवेश करना पसंद करेंगे, जहां दिल्ली से दो घंटे में पहुंचा जा सके। उन्होंने कहा कि सभी 21 जिलों में नयी औद्योगिक इकाई अवश्य लगेगी।