हरियाणा - केन्द्रीय महिला और बाल विकास मंत्री मेनका गांधी ने सोनीपत जिले के हसनपुर गांव में सार्वजनिक निजी भागीदारी से तैयार पहले आधुनिक आंगनवाड़ी केन्द्र 'नंद घर' का उद्धाटन किया। केन्द्रीय महिला और बाल विकास मंत्रालय देश भर में ऐसे 4000 नंद घर स्थापित करेगा जिनसे 4 लाख महिलाओं और बच्चों को लाभ मिलेगा। उद्धाटन के बाद एकत्र जनसमूह को संबोधित करते हुए मेनका गांधी ने कहा कि इस तरह की साझेदारी में 4000 नंद घर स्थापित करने का प्रस्ताव है जिनमें बच्चों के स्वस्थ विकास में योगदान देने वाली सभी सुविधाएं होंगी।
मेनका गांधी ने कहा कि स्कूल जाने से पहले यदि बच्चों को अच्छी देखभाल और सुविधाएं मिलें तो उनका सम्पूर्ण जीवन बेहतर बन सकता है। उन्होंने कहा कि प्रत्येक आंगनवाड़ी को ऐसे केन्द्रो के रूप में पेश किया जाना चाहिए जहां बच्चों को शिक्षा, पोषण के साथ-साथ खेलने की सुविधाएं मिल सकें। उन्होंने कहा कि इस स्थान का इस्तेमाल गांव की महिलाओं के लिए सामुदायिक केन्द्र के रूप में भी किया जा सकता है जहां वे अपनी भावनाओं और विचारों को बांट सकती हैं।
यह केन्द्र कौशल विकास मंच के रूप में भी कार्य करेगा। मेनका गांधी ने घोषणा की कि केन्द्र सरकार जल्दी ही ऐसी महिलाओं के लिए 'एक स्थान पर संकट केन्द्र' खोलेगा जो किसी प्रकार के शारीरिक, मानसिक और मनोवैज्ञानिक संकट का शिकार हैं। उन्होंने कहा कि इस तरह का पहला केन्द्र छत्तीसगढ़ के रायपुर जिले में और हरियाणा में करनाल जिले में खोला जाएगा। इस अवसर पर हरियाणा की महिला और बाल विकास मंत्री कविता जैन ने कहा कि राज्य सरकार राज्य में इन केन्द्रों के विकास के लिए भूमि और प्रशासनिक सहयोग सहित हर संभव सहायता प्रदान करेगी। इन आंगनवाडि़यों को नंद घर नाम प्रधानमंत्री ने दिया है।