हिसार - दिल्ली में रविवार देर रात दो घंटे तक चली बैठक में भाजपा और हजकां के बीच सीटों का बंटवारा नहीं हो सका। भाजपा-हजकां कोर्डिनेशन कमेटी के चेयरमैन पूर्व सांसद धर्मपाल मलिक की अध्यक्षता में बैठक हुई। हजकां 2011 में हुए समझौते के अनुरूप 45 सीटें लेने पर अड़ी रही जबकि भाजपा सीटों में कटौती करना चाहती है।
हजकां नेता एवं पूर्व सांसद रामजी लाल ने दावा किया कि भाजपा ने अपना रुख स्पष्ट करने के लिए दो दिन का समय मांगा है। बातचीत में भाजपा के प्रदेश अध्यक्ष रामबिलास शर्मा और केंद्रीय राज्यमंत्री कृष्णपाल गुर्जर शामिल हुए। पार्टी के कई नेता तय कार्यक्रम के बावजूद बैठक में नहीं पहुंच सके। दूसरी तरफ हजकां की तरफ से कुलदीप बिश्नोई के भाई चंद्रमोहन, दूड़ाराम, हेमंत बत्रा और सुरजीत सिंह शामिल हुए। बातचीत करीब साढ़े दस बजे शुरू हुई।
इंद्री भाजपा से भले ही अभी तक सीटों का बंटवारा नहीं हुआ लेकिन रविवार को हजकां प्रमुख कुलदीप बिश्नोई ने इंद्री से पूर्व विधायक राकेश कंबोज को प्रत्याशी घोषित कर दिया। बिश्नोई ने कंबोज को भावी मंत्री भी बताया। अनाज मंडी में कंबोज की ओर से आयोजित इंसाफ रैली में बिश्नोई ने यह घोषणा की। उल्लेखनीय है कि 2009 के विधानसभा चुनाव में कंबोज हजकां प्रत्याशी के रूप में तीसरे नंबर पर रहे थे, उन्हें करीब 26 हजार वोट मिले थे। तब इस सीट पर भाजपा प्रत्याशी धर्मपाल को महज 2,765 वोट मिले थे। रैली के दौरान बिश्नोई ने मुख्यमंत्री भूपेंद्र सिंह हुड्डा को भी इंद्री हलके से चुनाव लडऩे की चुनौती दी। चार दिन पहले एक जनसभा में हुड्डा ने कहा था कि यदि इस हलके से कांग्रेस का टिकट मांगने वाले आवेदन कहें तो वे इंद्री से भी चुनाव लडऩे को तैयार हैं।