सोनीपत - ओपी जिंदल ग्लोबल यूनिवर्सिटी के जिंदल स्कूल ऑफ लिबरल आर्टस ऑफ लिबरल आर्टस एंड ह्यूमेनिटीज का पहला बैच 1 अगस्त 2014 को शुरू होगा। इस बैच में 30 सीटों के लिए प्रवेश की अंतिम तिथि 31 जुलाई है, जिसके लिए अच्छे अंकों से उत्तीर्ण देश का कोई भी प्रतिभाशाली विद्यार्थी आवेदन कर सकता है। बारहवीं में शानदार अंक पाने वाले छात्रों के लिए यह कोर्स एक बेहतरीन अवसर है।
करनाल की श्रेया मोंगा इस बैच के प्रमुख विद्यार्थियों में से एक हैं। क्षेत्र में सर्वाधिक अंक पाने वालों में शुमार श्रेया ने लिबरल आर्ट्स को चुना ताकि वे बहुमुखी शिक्षा ग्रहण कर सकें और लीक से हट कर कोई कैरियर चुन सकें। राजनीति, पेंटिंग, पर्यटन और दर्शन जैसे विषयों में दिलचस्पी होने के साथ-साथ किसी शानदार कैरियर को अपनाने की इच्छा के चलते श्रेया ने जेएसएलएच में लिबरल आर्टस पढऩे का निर्णय लिया, क्योंकि यह कोर्स एक वृहत शिक्षा का मंच प्रदान करता है।
लिबरल आर्टस एवं ह्यूमेनिटीज का यह संयुक्त अंडर-ग्रेजुएट कोर्स रोलिंस कॉलेज, यूएसए के साथ मिल कर शुरू किया गया है। इस कोर्स के छात्र दो वर्ष तक भारत में ओपी जिंदल यूनिवर्सिटी में पढेंगे और बाकी के दो वर्ष वे रोलिंस कॉलेज, फ्लोरिडा में पढेंगे, जो कि अमेरिका के सबसे पुराने और सबसे बड़े निजी कॉलेजों में से एक है। इस कॉलेज के पुराने छात्रों में से एक को नोबेल पुरस्कार भी मिल चुका है। अपनी तरह के पहले इस डबल डिग्री प्रोग्राम के अंत में विद्यार्थियों को भारत व अमेरिका दोनों देशों से मान्यता प्राप्त अंडरग्रेजुएट क्वालिफिकेशन मिलेगी।
लिबरल आर्ट्स एवं ह्यूमेनिटीज एक तेजी से उभरता अध्ययन क्षेत्र है, जो देश भर के प्रतिभाशाली छात्रों की पहली पसंद बनता जा रहा है। जिंदल स्कूल ऑफ लिबरल आर्ट्स एंड ह्यूमेनिटीज का यह बहु-विषयों वाला कोर्स छात्रों में कई तरह की काबिलियत पैदा करता है जैसे कि प्रभावकारी पढ़ाई, तार्किक सोच, प्रभावी लेखन और बातचीत की कला।
(एसएनएस के सौजन्य से)