अंबाला छावनी - एटीएम धारकों को अब पहले से भी अधिक एहतियात बरतने की आवश्कता है। मिली जानकारी के अनुसार एक चोर गिरोह धोखे से फोन काल के माध्यम से एटीएम धारकों को बेवकूफ बना कर एटीएम का पिनकोड नंबर जानने की कोशिश कर रहा है। इस गिरोह के द्वारा एटीएम धारकों को बड़ी ही चालाकी से बेवकूफ बनाने का पूरा प्रयास किया जा रहा है। हैरानी की बात तो यह है कि पुलिस भी इस गिरोह को काबू करने में फिलहाल नाकाम साबित हो रही है। यह गिरोह लगातार आए दिन विभिन्न बैंकों के एटीएम धारकों को उनके मोबाइल नंबर पर मीठी बातें कर उनके एकाउंट से पैसे निकालने के काम में काफी सक्रिय हो रहा है। अंबाला छावनी के खोजकीपुर स्थित बैंक आफ बड़ौदा की शाखा से एक अकाउंट धारक पूजा विहार 497 निवासी अंजुरानी पुत्री बलबीर सिंह के एटीएम से धोखेबाज गैंग ने फोन के माध्यम से उससे पिनकोड पूछ कर उसके खाते से करीबन 95 सौ रूपए की राशि निकाल ली। जिसके बाद पीडि़त एटीएम धारक के द्वारा बैंक मैनेजर से भी बात की गई। उसने महेशनगर पुलिस थाना में मामले की शिकायत दी व एफआई आर दर्ज करवाई। एफआई आर दर्ज होने के बाद अभी तक पुलिस शिकातयकर्ता के द्वारा शिकायत में दिए गए दोनों मोबाइल नंबरों को ट्रेस नहीं कर पाई। एटीएम से धोखे से पैसे निकाले जाने का यह पहला मामला नहीं है, बैंक आफ बड़ौदा की खोजकीपुर शाखा से ही पूजा विहार निवासी हसीना के एकाउंट से भी इसी तरह से एटीएम के जरिए लगभग पांच हजार रूपए की राशि बीते फरवरी माह में निकल गई थी। इससे पहले भी कई बार विभिन्न बैंको के एटीएम धारको के खातों से धोखे से पैसे निकाले जा चुके है। इतना ही नहीं बैंक आफ बड़ौदा की खोजकीपुर शाखा के कई अकाउंट धारकों को भी मोबाइल फोन के माध्यम से उनके एटीएम से राशि निकालने की कोशिश चोरों के गिरोह के द्वारा की गई लेकिन इस कोशिश में गिरोह पूरी तरह से नाकाम रहा।
प्रभु प्रेम पुरम निवासी सुरेंद्र कुमार ने बताया कि उसके पास मोबाइल पर एक फोन आया जिसमें बताया गया कि उसका एटीएम का पिनकोड बदल कर नया पिनकोड कर दिया गया है। कृप्या अपना पुराना पिनकोड नंबर बताएं। लेकिन मैने उन्हें पिनकोड का नंबर बताने से इंकार करते हुए कहा कि मैं स्वयं बैंक जाकर अपना नंबर बता दुंगा। जरा सी सूझबुझ से मेरे पैसे निकलने से बच गए। प्रभु प्रेम पुरम 51 ए निवासी राकेश कुमार गुप्ता ने बताया कि उनके मोबाइल पर बीते रोज सुबह लगभग दस बजे किसी का फोन आया था। दूसरी ओर से फोन करने वाले व्यक्ति ने कहा कि आपके एटीएम का पिनकोड बदल दिया गया है, उस व्यक्ति ने नया पिनकोड बताते हुए मुझ से कहा कि मैं अपना पुराना पिनकोड नंबर बता दूं। मुझे तभी कुछ शक हुआ व गडग़ड़ी की आशंका हुई और मैं तुरंत बड़ौदा बैंक खोजकीपुर शाखा में मैनेजर से मिलने पहुंच गया, मैने अपने एकाउंड नंबर को चेक करवाया। सब कुछ ठीक मिला। तभी बैंक मैनेजर अशोक गुप्ता ने एक खाता धारक के खाते से एटीएम के माध्यम से इसी तरह से लगभग 9500 रूपए की राशि निकल जाने की बात बताई। जिसे सुन कर मेरे पांव तले जमीन ही खिसक गई। यदि गलती से मैं पिनकोड बता देता तो मेरे खाते से भी लाखों रूपए की राशि पलक झपकते ही निकाल ली जाती। शुक्र है भगवान का कि मैने उस फोन करने वाले धोखेबाज व्यक्ति को अपना पिनकोड नहीं बताया।
अशोक गुप्ता मैनेजर बैंक आफ बड़ौदा ने कहा कि एटीएम का पिनकोड कांफिडेंशल होता है। गलती तो खाताधारक की है उसने अपने एटीएम का पिनकोड किसी अज्ञात व्यक्ति को क्यों बताया। ग्राहकों को एकाउंट नंबर, एटीएम के पिनकोड को संभाल कर रखने के बारे में बार बार जागरूक किया जाता है। लोग किसी भी व्यक्ति के झांसे श में न आए। बैंक की ओर से एटीएम, पिनकोड, चेकबुक बाईपोस्ट के माध्यम से भेजे जाते हैं, यह सब कुछ कांफिडेंशल होता है। गा्रहकों को स्वयं जागरूक होना चाहिए। बैंक के खाता धारक अंजूरानी के एकाउंट से एटीएम के माध्यम से एकाउंट में जमा सारी राशि 95 सौ रूपए बीती 17 फरवरी को धोखे से निकाली गई थी, इस में बैंक का कोई रोल नहीं होता।
एसएचओ महेशनगर थाना रजनीश यादव ने कहा कि जब शिकायत दी गई होगी तो पुलिस की ओर से कुछ कार्रवाई तो की गई होगी। क्या कार्रवाई इस केस में हुई है, यह चेक करके ही बता सकूंगा।