छह माह बाद भी चढ़दीकला फंड से किसानों को नहीं मिला मुआवजा
प्रशासनिक तंत्र उद्योगपतियों व कारोबारियों से कर रहा जबरन वसूली
चंडीगढ़। भारतीय जनता पार्टी पंजाब के प्रदेश उपाध्यक्ष एवं पूर्व विधायक अरविंद खन्ना ने पंजाब की आम आदमी पार्टी सरकार को चढ़दीकला फंड के मुद्दे पर घेरते हुए कहा है कि सरकार इस फंड के बारे में पंजाब की जनता को बताए कि प्रदेश के व्यापारियों, कारोबारियों तथा उद्योगपतियों से कितना पैसा एकत्र हुआ है और कितना पैसा बाढ़ प्रभावित पंजाब वासियों को दिया गया है।
आज यहां जारी एक बयान में अरविंद खन्ना ने कहा कि सरकार ने प्रशासनिक तंत्र का इस्तेमाल करके चढ़दीकला के नाम पर पैसा तो एकत्र किया है लेकिन यह पैसा किस मद पर खर्च किया गया है इसकी कोई जानकारी नहीं है।
पिछले साल विनाशकारी बाढ़ के बाद राज्य सरकार द्वारा बनाए गए चढ़दीकला फंड के लिए ट्रेड और इंडस्ट्री पर पैसे देने का दबाव डाला गया था। फंड बने छह महीने से ज़्यादा हो गए हैं, लेकिन आप सरकार ने इसके ज़रिए जमा किए गए कुल पैसे के बारे में कोई जानकारी नहीं दी है। न सिर्फ़ कलेक्शन को सार्वजनिक किया जाना चाहिए, बल्कि मुख्यमंत्री भगवंत मान को पंजाबियों को बताना चाहिए कि बाढ़ प्रभावित किसानों के लिए फंड से कोई पैसा क्यों नहीं जारी किया गया।
राज्य सरकार द्वारा ट्रेड और इंडस्ट्री से जबरन वसूली का कड़ा संज्ञान लेते हुए,खन्ना ने कहा कि एक्साइज और टैक्सेशन अधिकारियों को हर महीने आठ छापे मारने और हर छापे में कम से कम 8 लाख रुपये का जुर्माना लगाने का निर्देश दिया गया है। उन्होंने कहा कि इससे पंजाब से निवेश का पलायन हो रहा है। इन कारणों से इंडस्ट्री पंजाब से बाहर जा रही है। पंजाब में इस समय औद्योगिक क्षेत्र के लिए बिजली नौ रुपये से 10 रुपये प्रति यूनिट हो गई है। ऐसे में इंडस्ट्री पंजाब में क्यों रहेगी।