एमएसएमई, इंफ्रास्ट्रक्चर व इनोवेश को बढ़ावा देने से बढ़ेंगे रोजगार
पीएचडीसीसीआई ने केंद्रीय बजट का किया स्वागत
चंडीगढ़। केंद्रीय वित्त मंत्री निर्मला सीतारमण द्वारा पेश किए गए बजट को पीएचडी चैंबर ऑफ कामर्स एंड इंडस्ट्री ने भविष्य में तरक्की की उम्मीदों को मजबूत करने वाला बजट करार दिया है। पीएचडीसीसीआई के चंडीगढ़ चैप्टर के चेयर रजनीश बंसल ने भरोसा जताया कि बजट में वित्तीय समझदारी से इंडस्ट्री की भावना और निवेशकों का भरोसा काफी मजबूत होगा।
उन्होंने इस बात पर ज़ोर दिया कि एमएसएमई, इंफ्रास्ट्रक्चर, इनोवेशन और सस्टेनेबिलिटी पर फोकस करने से बिजऩेस और रोजग़ार पैदा करने के नए अवसर बढ़ेंगे। उन्होंने इंडस्ट्री के फीडबैक को शामिल करने के लिए सरकार के सलाह-मशविरे वाले तरीके की भी तारीफ़ की।
पीएचडीसीसीआई हरियाणा स्टेट चैप्टर के चेयरमैन सतीश देव जैन ने कहा कि केंद्रीय बजट दूरदर्शी विजऩ पेश करता है जो हेल्थकेयर, मैन्युफैक्चरिंग और टेक्नोलॉजी में हरियाणा की ताकतों के साथ अच्छी तरह से मेल खाता है। बायोफार्मा, एमएसएमई ग्रोथ और कंटेनर मैन्युफैक्चरिंग पर फोकस से हरियाणा के मज़बूत इंडस्ट्रियल और लॉजिस्टिक्स इकोसिस्टम को काफी फायदा होगा।
पंजाब स्टेट चैप्टर के चेयर करण गिल्होत्रा ने बताया कि यूनियन बजट 2026 ग्रोथ, फिस्कल समझदारी और इनक्लूसिव डेवलपमेंट के प्रति सरकार के बैलेंस्ड अप्रोच को दिखाता है। कैपिटल एक्सपेंडिचर को बढ़ाकर 12.2 लाख करोड़ करना भारत के इंफ्रास्ट्रक्चर को मजबूत करने, लॉजिस्टिक्स और कनेक्टिविटी को बढ़ावा देने के लिए एक बड़ा कदम है, जिसका सीधा फायदा पंजाब को होगा। उन्होंने इस बात पर भी जोर दिया कि 10,000 करोड़ के एसएमई ग्रोथ फंड के जरिए चैंपियन एमएसएमई फोकस एक गेम-चेंजर है, जिससे पंजाब की लाइट इंजीनियरिंग और साइकिल इंडस्ट्री को बहुत बढ़ावा मिलेगा।
पीएचडीसीसीआई की सीनियर रीजनल डायरेक्टर भारती सूद ने एमएसएमई इकोसिस्टम को मज़बूत करने पर फोकस करने के लिए केंद्रीय बजट 2026 का स्वागत किया। उन्होंने एमएसएमई, खासकर टियर-टू और टियर-थ्री क्षेत्रों में, किफायती रेगुलेटरी और कंप्लायंस सहायता प्रदान करके कॉर्पोरेट मित्रा पहल को एमएसएमई को स्पोर्ट करने की दिशा में एक महत्वपूर्ण कदम बताया।