शिमला - मुख्यमंत्री वीरभद्र सिंह ने आज शिमला के ऐतिहासिक रिज मैदान से नि:शुल्क 108 राष्ट्रीय एम्बुलेंस सेवा के अन्तर्गत 50 नए रोगी वाहनों को झंडी दिखाकर रवाना किया। इन एम्बुलेंस के माध्यम से प्रदेश के लोगों को और अधिक सुविधा प्राप्त होगी। इन 50 नए रोगी वाहनों के जुडऩे से प्रदेश में राष्ट्रीय एम्बुलेंस सेवा का बेड़ा बढ़कर 162 हो गया है।
मुख्यमंत्री ने कहा कि आईजीएमसी शिमला में एक नया ओपीडी परिसर निर्मिति किया जाएगा। इस निर्माण के लिए केन्द्र सरकार ने आईजीएमसी शिमला को प्रधानमंत्री स्वास्थ्य सुरक्षा योजना में शामिल करने की स्वीकृति प्रदान की है। इसके लिए केन्द्र सरकार 150 करोड़ रुपये उपलब्ध करवाएगी। उन्होंने कहा कि आईजीएमसी शिमला पर बढ़ते दबाव को कम करने के लिए डेंटल कॉलेज और नर्सिंग संस्थान को घनाहट्टी के समीप घड़ोग में स्थानान्तरित किया जाएगा। घड़ोग में नए परिसर का निर्माण किया जाएगा।
गर्भवती महिलाओं को अस्पताल पहुंचाने और प्रसूति के उपरांत वापस घर लाने के लिए शीघ्र ही 125 और छोटे रोगी वाहन खरीदे जाएंगे। उन्होंने कहा कि राष्ट्रीय एम्बुलेंस सेवा प्रदेश के लोगों के लिए विशेष रूप से लाभदायक सिद्ध हुई है और अभी तक इस सेवा से तीन लाख से अधिक रोगी लाभान्वित हुए हैं। इसके अतिरिक्त इस सेवा ने 2500 अग्निशमन और 10,000 पुलिस से सम्बन्धित मामलों में भी लोगों को सहायता पहुंचाई है।
राज्य सरकार ने लोगों को उनके घर द्वार पर बेहतर स्वास्थ्य सुविधाएं उपलब्ध करवाने के उद्देश्य से स्वास्थ्य विभाग में विभिन्न श्रेणियों के 475 खाली पड़े पदों को भरने की स्वीकृति प्रदान की है। मुख्यमंत्री ने इस अवसर पर राष्ट्रीय ग्रामीण स्वास्थ्य मिशन, हिमाचल प्रदेश की वैबसाईट का शुभारम्भ भी किया। इस वैबसाईट के माध्यम से लोगों को स्वास्थ्य सम्बन्धी सभी जानकारियां उपलब्ध होंगी।