मुंबई - प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी के निवेशकों का विश्वास बढ़ाने के उद्देश्य से किए गए प्रयास की बदौलत बीते सप्ताह शेयर बाजार पिछले लगातार चार सप्ताह की गिरावट से उबरने में कामयाब रहे। अगले सप्ताह जारी होने वाले अगस्त के महंगाई आंकड़ों से बाजार की चाल निर्धारित होगी। बीएसई का तीस शेयरों वाला संवेदी सूचकांक सेंसेक्स 408.31 अंक अर्थात 1.62 प्रतिशत की छलांग लगाकर 25610.21 अंक और नेशनल स्टाक एक्सचेंज (एनएसई) का निफ्टी 134.25 अंक यानी 1.75 प्रतिशत उछलकर 7789.30 अंक पर रहा। श्री मोदी ने वैश्विक स्तर की उठापटक के बीच घरेलू आर्थिक विकास को मजबूत आधार देने के उद्देश्य से उद्योगपतियों और कारोबारियों के साथ बैठक की।
इससे बाजार के प्रति निवेशकों की निवेशधारणा को मजबूती मिली तथा चार सप्ताह बाद सेंसेक्स और निफ्टी छलांग लगाने में सफल रहे। सरकार के सोना की भौतिक मांग कम करने के लिए स्वर्ण बौंड और स्वर्ण मुद्रीकरण योजना को मंजूरी देने से उत्साहित निवेशकों की धातु समूह में की गई मजबूत लिवाली से भी बाजार को बढ़त बनाने में मदद मिली। हालांकि चीन के वर्ष 2014 के लिए अपना आर्थिक विकास अनुमान 7.4 फीसदी से घटाकर 7.3 फीसदी करने और उसके आयात में गिरावट से वैश्विक आर्थिक मंदी गहराने की आशंका अभी भी घरेलू बाजार के लिए जोखिम बना हुआ है।
आलोच्य सप्ताह बड़ी कंपनियों की तरह छोटी और मझौली कंपनियों में भी लिवाली का जोर रहा। मिडकैप 160.06 अंक अर्थात 1.54 प्रतिशत की तेजी के साथ 10519.96 अंक और स्मॉलकैप 93.37 अंक यानी 0.88 प्रतिशत बढक़र 10698.61 अंक पर रहा। इस दौरान सेंसेक्स की तीस में से 22 कंपनियों के शेयरों में बढ़त देखी गई, जबकि शेष आठ गिरावट पर रहे।