कोलंबो - भारत को अप्रत्याशित हार देकर सीरीज में बढ़त कायम कर चुकी श्रीलंकाई क्रिकेट टीम अपने महान बल्लेबाज कुमार संगाक्कारा को उनके करियर के आखिरी टेस्ट में जीत के साथ विजयी विदाई देने और इसे यादगार बनाने की तैयारी में है। तीन मैचों की सीरीज में 1-0 की बढ़त के बाद यदि 20 अगस्त से शुरू होने जा रहे दूसरे और संगाक्कारा के विदाई टेस्ट में मेजबान टीम जीत दर्ज करती है तो वह न सिर्फ अपने महान खिलाड़ी को विजयी विदाई दे पाएगी, बल्कि सीरीज भी कब्जा लेगी।
श्रीलंका के सर्वाधिक रन स्कोरर संगाक्कारा इस मैच के बाद अपने 15 वर्ष के करियर पर विराम लगा अंतरराष्ट्रीय क्रिकेट को अलविदा कह देंगे। श्रीलंका और भारत के बीच दूसरा टेस्ट पी सारा ओवल स्टेडियम में खेला जाएगा, जहां संगाक्कारा के विदाई समारोह को भव्य और यागदार बनाने के लिए काफी तैयारियां की गई हैं। संगाक्कारा भी इस मैदान पर अच्छे प्रदर्शन के साथ करियर के समापन के लिए उत्साहित हैं जहां वह अपने आखिरी तीन टेस्टों में शून्य पर आउट हुए हैं। इसमें पाकिस्तान के खिलाफ जून में मैच के दौरान वह पहली ही गेंद पर आउट हो गए थे। 37 वर्षीय बल्लेबाज उम्र के इस पड़ाव में भी अच्छी फार्म में हैं और उन्होंने गाले टेस्ट में पांच और 40 रन की पारियां खेलीं थी।
श्रीलंकाई टीम ने इस मैच में शुरुआती दिन में पिछडऩे के बावजूद भारत को 63 रन से हराकर जीत अपने नाम की थी। श्रीलंका ने रंगना हेरात के सात विकेट की कातिलाना गेंदबाजी से दूसरी पारी में आसान 176 रनों के लक्ष्य के लिए उतरी भारतीय टीम को चौथे दिन 112 पर ढेर कर जीत अपने नाम कर ली थी। इस बीच श्रीलंकाई कप्तान एंजेलो मैथ्यूज ने कहा है कि सीरीज जीत ही संगाकारा के विदाई समारोह का सबसे उपयुक्त जश्न होगा। उन्होंने कहा कि हम निश्चित ही जीतने के लिए उतरेंगे। संगाक्कारा सर्वश्रेष्ठ विदाई समारोह के हकदार हैं और जीत ही यह जश्न होगी। इस मैच की काफी अहमियत है। दूसरी ओर भारतीय टीम के निदेशक रवि शास्त्री ने कहा है कि गाले टेस्ट के तीन दिन बढ़त बनाने के बावजूद हारना दुखद है, लेकिन आगे के मैचों में टीम सही दिशा में कदम रखेगी।
उन्होंने कहा कि गाले जैसे मैचों को देखकर दुख होता है, क्योंकि जब आप मैच के तीनों दिन मजबूत स्थिति में हों और फिर भी हार जाए। इस तरह के मैचों से सीखने की जरूरत होती है। लेकिन उम्मीद है कि अगले मैचों में बेहतर परिणाम दिखेंगे। हालांकि भारत आगामी टेस्ट में भले ही कुछ भी दावे करे लेकिन उसके दो शीर्ष क्रम के बल्लेबाज शिखर धवन और उससे पहले मुरली विजय चोट के कारण टीम से बाहर हैं। मुरली के दूसरे टेस्ट में वापसी की कुछ उम्मीदें जरूर हैं, लेकिन शिखर का शेष सीरीज से बाहर हो जाना भारत के लिए बड़ा झटका है। स्टुअर्ट बिन्नी को 16वें खिलाड़ी के तौर पर टीम का हिस्सा बनाया गया है लेकिन वह कितने अहम साबित होंगे यह स्थिति पर निर्भर करता है।