नई दिल्ली - पिछले कई दिनों से ग्रीस पर आये आथिर्क संकट पर चर्चा चल रही थी। आज आरबीआई गवर्नर रघुराम राजन ने आशंका व्यक्त की है कि रुपए पर अप्रत्यक्ष असर पड़ सकता है। राजन ने कहा कि भारतीय अर्थव्यवस्था रफ्तार पकडऩे लगी है और हमें पूंजी निवेश के कुछ संकेत मिलने लगे हैं। हमें सतत आर्थिक वृद्धि के लिए लगातार काम करना होगा।
आरबीआई गर्वनर ने कहा मॉनसून इस बार अभी तक तो साथ दे रहा है, नीतिगत रूख आंकड़ों पर निर्भर करेगा और हम इस पर निगाह रखे हुए हैं। हालांकि ग्रीस में मची उथल-पुथल के बावजूद इस सप्ताह रुपया स्थिर बना हुआ है। आर्थिक तंगी से जूझ रहा विकसित देश ग्रीस 30 जून तक आईएमएफ का 1.8 बिलियन डॉलर का कर्ज नहीं चुका पाया था, जिसके चलते वह आईएमएफ की सूची में डिफॉल्टर बन गया है।
गहराते संकट के बीच दुनियाभर के शेयर बाजारों की नजर 5 जुलाई को होने वाले जनमत संग्रह पर टिकी है। ग्रीस के लोग उस दिन इस बात पर वोटिंग करेंगे कि उनके देश को ये शर्तें माननी चाहिए या नहीं? अगर देश ने आर्थिक सुधारों की मांग को खारिज कर दिया तो 20 जुलाई को यूरो जोन की बैठक में ग्रीस डिफॉल्टर घोषित हो जाएगा और उसे यूरो जोन से बाहर का रास्ता दिखा दिया जाएगा।
इससे पहले राजन ने ग्रीस संकट की वजह से भारतीय अर्थव्यस्था पर कोई प्रभाव पडऩे की आशंका से इनकार किया था।