नई दिल्ली - मैगी विवाद से इसे बनाने वाली कंपनी नेस्ले को तकरीबन 320 करोड़ रुपए से ज्यादा का प्रत्यक्ष नुकसान होगा। कंपनी ने बताया कि वह बाजार में तथा फैक्टरियों में स्थित 320 करोड़ रुपए के मैगी नूडल्स तथा संबंधित उत्पादों को नष्ट करने की प्रक्रिया शुरू कर चुकी है। इसके अलावा उत्पाद बाजार से वापस लिए जाने तथा इसे नष्ट करने का खर्च अलग से आएगा। नेस्ले ने एक प्रेस विज्ञप्ति में कहा कि जैसा कि हमने पहले घोषणा की थी हम बाजार से मैगी के भंडार वापस लेने तथा उसे नष्ट करने की प्रक्रिया में हैं।
बाजार में इस समय तकरीबन 210 करोड़ रुपए के विक्रय मूल्य का स्टॉक है। इसके अलावा, वापस लेने की घोषण के समय फैक्टरियों तथा विपणन केंद्रों में मैगी नूडल्स तथा इससे संबंधित उत्पादों का अनुमानित मूल्य तकरीबन 110 करोड़ रुपए है। कंपनी ने कहा है कि यह अनुमानित आंकड़े हैं और सटीक मूल्य की गणना प्रक्रिया पूरी होने के बाद ही हो पाएगी। उसने कहा कि इसके अलावा इसे पूरे भंडार को नष्ट करने तथा बाजार से वापस मंगाने पर होने वाले खर्च को जोडक़र उसका नुकसान और अधिक होगा।
मैगी नूडल्स के सभी नौ मंजूरी प्राप्त तथा बिना मंजूरी के बाजार में उतारे गए एक वेरिएंट में सीसे की मात्रा तय सीमा से ज्यादा पाए जाने पर भारतीय खाद्य संरक्षा एवं मानक प्राधिकरण ने इसके उत्पादन, आयात, वितरण तथा बिक्री पर देश भर में प्रतिबंध लगा दिया था। साथ ही कंपनी को इन उत्पादों को बाजार से वापस लेने तथा नष्ट करने का आदेश दिया था और कहा था कि वह रोजाना इस प्रक्रिया की प्रगति रिपोर्ट उसे सौंपे।