मुबंई - वानखेड़े लेंडल सिमंस के शानदार अर्द्धशतक (65) के बाद गेंदबाजों के उम्दा प्रदर्शन की मदद से मुंबई इंडियंस ने मंगलवार को क्वालीफायर-1 में चेन्नई सुपर किंग्स (सीएसके) को 25 रनों से हराकर आईपीएल फाइनल में प्रवेश किया। मुंबई के 187 रनों के जवाब में सीएसके की पारी 19 ओवरों में 162 रनों पर सिमट गई। मुंबई इंडियंस तीसरी बार आईपीएल फाइनल में पहुंचा है। आईपीएल फाइनल 24 मई को कोलकाता में होगा।
सीएसके को अब 22 मई को रांची में होने वाले क्वालीफायर-2 में चेन्नई और एलिमिनेटर की विजेता का सामना करना होगा। मुंबई ने 2013 में यह खिताब जीता था, जबकि 2010 में उसे फाइनल में चेन्नई से हार का सामना करना पड़ा था। चेन्नई के ड्वेन स्मिथ दुर्भाग्यशाली रहे जब अंपायर ने उन्हें लसिथ मलिंगा की गेंद पर एलबीडब्ल्यू करार दिया, जबकि गेंद ऑफ स्टंप के बहुत बाहर जा रही थी। प्लेसिस जब 14 रनों पर थे तब विनय कुमार की गेंद पर थर्डमैन पर मलिंगा ने उनका आसान कैच छोड़ा।
माइक हसी 16 रन बनाने के बाद विनय कुमार की गेंद पर विकेटकीपर पार्थिव पटेल को कैच दे बैठे। दो झटकों के बावजूद चेन्नई की टीम लक्ष्य की तरफ बढ़ती दिख रही थी तभी हरभजन ने दो गेंदों में दो विकेट लेते हुए अपनी टीम की स्थिति मजूबत कर दी। भज्जी की धीमी गेंद को सुरेश रैना (25) नीचे नहीं रख पाए और उन्होंने रिटर्न कैच थमा दिया। उन्होंने प्लेसिस के साथ तीसरे विकेट के लिए 40 रन जोड़े।
भज्जी ने अगली गेंद पर कप्तान महेंद्र सिंह धोनी (0) को एलबीडब्ल्यू कर चेन्नई को करारा झटका दिया। इसी ओवर में चेन्नई को एक और झटका लगता यदि भज्जी ने अपनी गेंद पर ड्वेन ब्रावो (0) का कैच लपक लिया होता। चेन्नई की रही सही उम्मीद उस समय टूट गई जब फॉफ डू प्लेसिस 45 रन बनाने के बाद जे सुचित की गेंद पर लांग ऑन पर विनय कुमार को कैच दे बैठे।