नई दिल्ली - डी शिवकुमार ब्रेवरेज एंड फूड कंपनी पेप्सिको की भारतीय यूनिट के चेयरमैन और सीईओ का पद संभालेंगे। शिवकुमार नोकिया के इंडिया, मिडल ईस्ट और साउथ अफ्रीका के फॉर्मर सीनियर वाइस पे्रसिडेंट थे। वे मनु आनंद की जगह लेंगे, जो जून में अचानक कंपनी छोड़कर कैडबरी क्राफ्ट में चले गए थे। तब से पेप्सिको इंडिया का कोई बॉस नहीं था।
पेप्सिको का यह निर्णय वाकई हैरान करने वाला है, क्योंकि पेप्सिको ज्दातर सीईओ कंपनी के लोगों को ही बनाती है। कंपनी के ग्लोबल ऑपरेशंस में कई भारतीय सीनियर पोस्ट पर हैं। पेप्सिको इंडिया में पिछले बाहरी सीईओ राजीव बख्शी थे, जो कैडबरी से आए थे। बख्शी के बाद पेप्सिको इंडिया के दो सीईओ संजीव और मनु आनंद कंपनी के अंदर के थे। शिवकुमार आईआईटी चेन्नै के इंजीनियर और आईआईएम कलकत्ता से एमबीए हैं। पेप्सिको में उनका पहला काम कोला और स्त्रैक्स की सेल्स ग्रोथ बढ़ाना होगा। कंपनी के सॉफ्ट ड्रिंक की सेल्स ग्रोथ 10 प्रतिशत से कम रह गई है।
इकनॉमिक स्लोडाउन के चलते कंज्यूमर सेंटीमेंट खराब हुआ है, जिसका असर कंपनी के कामकाज पर भी पड़ा है। इस साल मॉनसून सीजन के लंबा चलने से भी कोल्ड ड्रिंक की सेल्स कम रही। वहीं, पेप्सिको के स्नैक्स बिजनेस को भारतीय कंपनियों से कड़ी टक्कर मिल रही है। आईटीसी और पारले उसे चैलेंज कर रही हैं।
शिवकुमार पहले नोकिया, फिलिप्स और कंज्यूमर गुड्स फर्म हिंदुस्तान यूनिलीवर के साथ काम कर चुके हैं।