गर्मियों में त्वचा व बालों पर धूप और धूल का दोहरा हमला शुरू हो जाता है, ऐसे मौसम में थोड़ी-सी सतर्कता से आप त्वचा और बालों को सुरक्षित रख सकते हैं। आइए जानते हैं कैसे।
धूप में निकलना भले ही जरूरी हो, लेकिन तैयारी से निकलने से त्वचा को ही नहीं, बल्कि बालों को भी बचाया जा सकता है।
इस मौसम में सबसे ज्यादा फोटो एक्टेनिक डर्मिटाइटिस होने का खतरा रहता है। यह अल्ट्रा-वायलेट रेज के कारण त्वचा में होने वाली एलर्जी है, जिससे लोगों को काफी दिक्कतें होती हैं। इसी तरह इस मौसम में सन बर्न की शिकायत भी काफी बढ़ जाती है। सन बर्न से त्वचा लाल हो जाती है और उसमें इरीटेशन होने लगती है।
गर्मियों में झाइयों की शिकायत भी बढ़ जाती है। हालांकि झाइयों का एक कारण हार्मोन में होने वाले बदलाव भी हैं, लेकिन यूवी रेज में अत्यधिक एक्सपोजर होने से भी इनमें इजाफा होता है। इस मौसम में त्वचा से जुड़ी अधिकतर बीमारियों का कारण सही तरीके से ध्यान न रखना और धूप में जरूरत से ज्यादा एक्सपोजर होना है।
धूप और धूल के हमले के कारण बाल भी काफी कमजोर हो जाते हैं। बालों में पसीना अधिक आता है और धूल के कण इनमें चिपक जाते हैं, जो इनकी जड़ों को कमजोर करते हैं। इसलिए इस मौसम में काफी लोग ज्यादा बाल झडऩे की शिकायत करते हैं।